तेजस्वी को छात्रों की इतनी ही चिंता, तो झारखंड के छात्र आंदोलन पर मौन क्यों? रहे: जदयू

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पटना, 18 अगस्त (हि.स.)। जनता दल यूनाईटेड (जदयू) के प्रदेश प्रवक्ता निराेह यादव ने मंगलवार काे पार्टी कार्यालय में पत्रकाराें से बात करते हुए राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के बुधवार को प्रस्तावित लोक भवन मार्च पर तीखा हमला बोला। उन्होंने इसे छात्रों के हितों की लड़ाई नहीं, बल्कि तेजस्वी यादव की गिरती राजनीतिक साख बचाने की एक सोची-समझी राजनीतिक नौटंकी करार दिया।

उन्होंने तेजस्वी यादव से सवाल पूछते हुए कहा कि यदि उन्हें वास्तव में छात्रों के हितों की इतनी ही चिंता है, तो झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित भ्रष्टाचार और इसके विरोध में चल रहे छात्र आंदोलन पर चुप्पी क्यों साधे हुए हैं? बिहार में छात्रों के नाम पर मार्च निकालने वाले तेजस्वी यादव झारखंड के छात्रों के सवाल पर आखिर मौन क्यों हैं?

झारखंड में आंदोलनरत छात्रों से तेजस्वी यादव ने न तो वहां जाकर मुलाकात की, न उनकी समस्याओं को समझने की कोशिश की और न ही उनके समर्थन में कोई ठोस पहल की। आज तक उनकी ओर से इस मुद्दे पर कोई बयान सामने नहीं आया है।

उन्होंने आरोप लगाया कि इसकी असली वजह यह है कि झारखंड में हेमंत सरकार में आरजेडी भी साझीदार है। सत्ता में साझेदारी होने के कारण तेजस्वी यादव को वहां के छात्रों का संघर्ष दिखाई नहीं दे रहा है, जबकि बिहार में वही छात्र हितों के सबसे बड़े पैरोकार बनने का दावा कर रहे हैं। तेजस्वी यादव का यह दोहरा रवैया उनकी राजनीतिक हकीकत को उजागर करता है। उन्हें जहां राजनीतिक फायदा दिखता है, वहां छात्र हित दिखाई देने लगता है और जहां अपनी ही सरकार कटघरे में हो, वहां चुप्पी साध ली जाती है।

उन्होंने कहा कि राजद का लोक भवन मार्च दरअसल छात्रों की समस्याओं के समाधान के लिए नहीं, बल्कि बिहार में लगातार कमजोर पड़ती अपनी राजनीतिक जमीन को बचाने की कोशिश है। साल 2025 के विधानसभा चुनाव में जनता ने राजद को राजनीतिक रूप से खारिज करने का काम किया। इसके बाद बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में आरजेडी उम्मीदवार की करारी हार और तीसरे स्थान पर पहुंच जाना इस बात का स्पष्ट संकेत है कि पार्टी लगातार अपनी राजनीतिक पहचान और जनाधार खोती जा रही है।

प्रवक्ता ने राजद से किये सवाल

1. झारखंड में छात्र आंदोलन पर आरजेडी ने अब तक क्या ठोस कदम उठाया?

2. हेमंत सोरेन सरकार में सहयोगी होने के नाते आरजेडी ने छात्रों की मांग सरकार के सामने क्यों नहीं रखी?

3. झारखंड में छात्रों के पक्ष में तेजस्वी यादव ने एक बयान तक क्यों नहीं दिया?

4. बिहार में छात्रों का मुद्दा उठाना और झारखंड में चुप रहना क्या आरजेडी का दोहरा चरित्र नहीं है?

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हिन्दुस्थान समाचार / चंदा कुमारी

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