आवास योजना में तेजी लाएं, नहीं तो होगी कार्रवाई: डीडीसी
सुपौल, 27 अगस्त (हि.स.)। ग्रामीण विकास विभाग द्वारा जिले में संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा को लेकर गुरुवार को उप विकास आयुक्त (डीडीसी) इंद्रवीर कुमार ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की। बैठक में सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, कार्यक्रम पदाधिकारी सहित स्वच्छता से जुड़े पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे। प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा के दौरान सामने आया कि कुछ स्थानों पर भूमि की अनुपलब्धता के कारण आवास स्वीकृत नहीं हो सका है।
इस पर डीडीसी ने संबंधित अधिकारियों को अंचलाधिकारी से समन्वय स्थापित कर प्राथमिकता के आधार पर भूमि चिन्हित करने और पात्र लाभुकों को आवास स्वीकृत करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिन लाभुकों को आवास निर्माण के लिए प्रथम किस्त की राशि मिल चुकी है, उनके आवास निर्माण की गति धीमी है। इसमें तेजी लाने की आवश्यकता है। डीडीसी ने स्पष्ट किया कि किस्त प्राप्त करने के बाद भी आवास निर्माण नहीं कराने वाले लाभुकों पर कार्रवाई की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर राशि की वसूली भी की जा सकती है।
मानव दिवस बढ़ाने पर जोर विकसित भारत जी राम जी योजना की समीक्षा के दौरान कार्यक्रम पदाधिकारियों को मानव दिवस बढ़ाने का निर्देश दिया गया। इसके लिए वृक्षारोपण, आवास योजना के कार्यों के साथ-साथ ग्रामीण हाट की योजना के माध्यम से रोजगार सृजन पर जोर दिया गया। डीडीसी ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक से अधिक लोगों को वृक्षारोपण के लिए प्रेरित किया जाए, ताकि रोजगार के अवसर बढ़ने के साथ मानव दिवस में भी वृद्धि हो सके।
कचरा उठाव में लापरवाही पर होगी कार्रवाई
स्वच्छता कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान डीडीसी ने सभी संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों को अपशिष्ट प्रसंस्करण इकाइयों को नियमित रूप से क्रियाशील रखने का निर्देश दिया। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में अपशिष्ट पदार्थों का नियमानुसार निपटान सुनिश्चित करने तथा प्रतिदिन कचरे का उठाव कराने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि अपशिष्ट के संग्रहण एवं प्रसंस्करण में शिथिलता बरतने वाले कर्मियों एवं संबंधित लोगों पर कार्रवाई की जाएगी। बैठक में निदेशक आशुतोष कुमार, अनित कुमार, जिला समन्वयक सोनम कुमारी एवं शशि कुमार सहित अन्य पदाधिकारी व कर्मी मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र

