त्रिवेणीगंज में अग्निशमन विभाग की सघन जांच, अस्पतालों और होटलों में मिलीं गंभीर सुरक्षा खामियां
सुपौल, 08 जून (हि.स.)। जिले के त्रिवेणीगंज अनुमंडल मुख्यालय क्षेत्र में सोमवार को अग्निशमन विभाग ने विशेष अभियान चलाकर निजी अस्पतालों, नर्सिंग होम, क्लीनिक, होटल एवं अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की सघन जांच की।
जांच के दौरान अधिकांश प्रतिष्ठानों में अग्नि सुरक्षा मानकों की अनदेखी सामने आई, जिस पर विभाग ने कड़ी नाराजगी जताते हुए आवश्यक सुधार के निर्देश दिए हैं।
अग्निशमन विभाग की टीम ने अनुमंडलीय अस्पताल के आसपास संचालित निजी स्वास्थ्य संस्थानों तथा बाजार क्षेत्र के कई होटलों का निरीक्षण किया। जांच में पाया गया कि अधिकांश जगहों पर आग से बचाव के लिए जरूरी संसाधनों का अभाव है।
कई प्रतिष्ठानों में पर्याप्त क्षमता वाली पानी की टंकियां नहीं थीं, जबकि अग्निशमन कार्य के लिए आवश्यक हौज रील की व्यवस्था भी नहीं मिली। फायर सेफ्टी उपकरणों की स्थिति भी संतोषजनक नहीं पाई गई।
अनुमंडल अग्निशमन पदाधिकारी कमलेश यादव ने बताया कि निदेशक सह राज्य अग्निशमन पदाधिकारी के निर्देश पर क्षेत्र में विशेष जांच अभियान संचालित किया जा रहा है।
अभियान के तहत अस्पतालों, नर्सिंग होम्स और होटलों में अग्नि सुरक्षा प्रबंधन की समीक्षा की जा रही है। उन्होंने कहा कि जिन प्रतिष्ठानों का अग्नि सुरक्षा ऑडिट पहले हो चुका है, लेकिन निर्धारित मानकों का अनुपालन नहीं किया गया है, उनके खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने बताया कि जिन संस्थानों का अब तक ऑडिट नहीं हुआ है, उनका शीघ्र ऑडिट कराया जाएगा और आवश्यक सुधार के लिए 15 दिनों की मोहलत दी जाएगी। होटल संचालकों को एलपीजी सिलेंडर उपयोग संबंधी वैध अनुमति प्रमाणपत्र के साथ स्व-घोषणा पत्र जमा करने का भी निर्देश दिया गया है।
कमलेश यादव ने कहा कि होटल और अस्पताल जैसे सार्वजनिक स्थलों पर बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी रहती है। ऐसे में असुरक्षित रसोई संचालन, एलपीजी भंडारण में अनियमितता, विद्युत ओवरलोडिंग, बंद निकासी मार्ग और निष्क्रिय अग्निशमन उपकरण किसी भी समय बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकते हैं।
जांच के दौरान करीब आधा दर्जन प्रतिष्ठानों में गंभीर कमियां पाई गईं। विभाग ने 15 दिनों के भीतर सुधार कर पुनः सत्यापन कराने का निर्देश दिया है, अन्यथा सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र

