वजाइना में बार-बार होती है जलन? आपकी डाइट में छिपी हो सकती है वजह, जानें किन चीजों से बचें
वजाइना में जलन और खुजली अक्सर महिलाओं को परेशान करती है। इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं। अमूमन महिलाओं को ऐसा लगता है कि इंटिमेट हाइजीन सही न होने के कारण वजाइनल इंफेक्शन होता है, लेकिन सिर्फ ऐसा नहीं है। बेशक यह वजाइना में खुजली और जलन का एक अहम कारण हो सकता है, लेकिन इसके अलावा भी कई और बातें इसके लिए जिम्मेदार होती हैं। डाइट में कुछ खास चीजों की अधिकता भी वजाइना में बर्निंग सेसेंशन का कारण बन सकती है। चलिए एक्सपर्ट से इस बारे में विस्तार से जानते हैं।

वजाइना में जलन क्यों होती है?
वजाइना में बार-बार जलन होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं। यीस्ट इंफेक्शन, बैक्टीरियल वेजिनोसिस, यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन, हार्मोनल बदलाव, इंटिमेट हाइजीन सही न होना और वजाइनल ड्राईनेस इसमें सबसे आम है। अगर जलन के साथ डिस्चार्ज, तेज खुजली, बदबू या दर्द हो, तो बिना देर किए तुरंत डॉक्टर के पास जाएं।
वजाइना में जलन की वजह हो सकता है आपका खान-पान
वजाइना में बार-बार होने वाली तेज जलन के पीछे हमारा खान-पान भी कुछ हद तक जिम्मेदार हो सकता है। चलिए इसे समझते हैं।
कई महिलाओं को बहुत ज्यादा मसालेदार, एसिडिट या कैफीन वाले खाद्य पदार्थ और ड्रिंक्स लेने के बाद खासकर वजाइना में जलन होती है। कई बार यूरिन पास करते वक्त भी तेज जलन महसूस होती है।
मसालेदार भोजन ब्लैडर और यूरिनरी ट्रैक लाइनिंग में जलन पैदा करते हैं। असल में इनका असर वजाइना के पीएच लेवल पर बढ़ता है और पीएच बैलेंस बिगड़ने से वजाइना में जलन हो सकती है।
इसकी एक वजह यह भी है कि मसालेदार खाना गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल समस्याओं को बढ़ा सकता है। जब हम बहुत अधिक मसाले नवाला खाना खाते हैं, तो इसे पचाने के लिए शरीर अधिक एसिड बनाता है और इसकी वजह से एसिड रिफ्लक्स बढ़ सकता है। इसका असर पेल्विक एरिया पर भी होता है।
मिर्च-मसाले कुछ लोगों में ब्लैडर और यूरिनरी इंफेक्शन लक्षणों को बढ़ा सकते हैं। अगर मसालेदार भोजन के बाद यूरिन में जलन या इरिटेशन हो, तो इसका सेवन कम करें।
बहुत अधिक मीठी चीजों का सेवन करने से भी वजाइनल इंफेक्शन हो सकता है। इसकी वजह से ब्लड शुगर लेवल स्पाइक होता है और वजाइनल इंफेक्श का खतरा भी बढ़ जाता है।

वजाइनल हेल्थ के लिए क्या खाएं?
वजाइनल इंफेक्शन से बचने के लिए डाइट में कुछ खास चीजों को शामिल किया जा सकता है।
हेल्दी और बैलेंस डाइट लें।
शरीर को हाइड्रेट रखें।
नारियल पानी का सेवन करें।
प्रोबायोटिक फूड्स को डाइट का हिस्सा बनाएं।
शुगर, प्रोसेस्ड फूड्स, मसालेदार और तले-भुने खाने का सेवन कम करें।
एक्सपर्ट का कहना है कि अगर आपको वजाइना में अक्सर खुजली और जलन होती है, तो इसे नजरअंदाज न करें। अपनी डाइट में बदलाव करें, हाइजीन का ख्याल रखें और डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

