लखनऊ में 11 मार्च को गोप्रतिष्ठा कार्यक्रम, शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की रहेगी विशेष उपस्थिति
वाराणसी, 03 मार्च (हि.स.)। गौमाता को राज्यमाता घोषित कर उत्तर प्रदेश में पूर्णतया गोकशी बंद कराने के लिए 11 मार्च को लखनऊ में गो—प्रतिष्ठा के लिए धर्मयुद्ध का शंखनाद होगा। इस मांग काे पूरा करने के लिए प्रदेश सरकार को दिया गया समय पूरा हाेने के बाद यह कार्यक्रम घाेषित किया गया है।
लखनऊ के इस कार्यक्रम में ज्योतिष्पीठाधीश्वर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती भी शामिल होंगे। श्रीविद्यामठ वाराणसी के प्रवक्ता संजय पांडेय ने इस संबंध में मंगलवार को बताया कि लखनऊ में 11 मार्च को गो—प्रतिष्ठा धर्मयुद्ध शंखनाद कार्यक्रम होगा। इस कार्यक्रम के तहत 06 मार्च को वाराणसी के शंकराचार्यघाट पर 'गो-ब्राह्मण प्रतिपालक' वीर शिवाजी महाराज की जयंती के अवसर पर गंगा माता की पूजा कर वैचारिक गोप्रतिष्ठार्थ धर्मयुद्ध शंखनाद का संकल्प लिया जाएगा। सात मार्च को सुबह 8.30 बजे से विद्यामठ से प्रस्थान होगा। श्री संकट मोचन मंदिर में श्री संकटमोचन हनुमानाष्टक,हनुमान चालीसा और बजरंग बाण के पाठ के साथ विघ्नों के नाश की प्रार्थना कर यात्रा का श्रीगणेश होगा। सात मार्च को जौनपुर और सुल्तानपुर में सभा के बाद रायबरेली में सभा एवं रात्रि विश्राम होगा।
अगले दिन 08 मार्च को रायबरेली से मोहनलालगंज (सभा), लालगंज (सभा), अचलगंज (सभा) कर उन्नाव में सभा के बाद रात्रि विश्राम होगा। अगले दिन नौ मार्च को उन्नाव,बांगरमऊ (सभा), बघौली (सभा) होते हुए नैमिषारण्य में सभा एवं रात्रि विश्राम होगा। 10 मार्च को नैमिषारण्य से सिधौली (सभा), इटौंजा (सभा) के लखनऊ सीमा में प्रवेश एवं रात्रि विश्राम होगा।
संजय पांडेय ने बताया कि 11 मार्च शीतला अष्टमी को कांशीराम स्मृति सांस्कृतिक स्थल, पासी किला चौराहा, आशियाना, लखनऊ में मुख्य कार्यक्रम होगा। इसमें मंगलाचरण,गोमय गणेश पूजन,गो-ध्वज प्रतिष्ठा और'धर्मयुद्ध शंखनाद'सहित विद्वानों-सन्तों-गोभक्तों का अनुभव साझा होगा।
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी