युवाओं के लिए रोजगार और नवाचार के नए द्वार खोल रही है ड्रोन तकनीक : अनिल कुमार त्रिपाठी
कानपुर, 08 अप्रैल (हि.स.)। आधुनिक तकनीकों के विस्तार के साथ ड्रोन तकनीक रोजगार और नवाचार का नया माध्यम बनती जा रही है। विद्यार्थियों को इसके व्यावहारिक उपयोग और करियर संभावनाओं से जोड़ना समय की आवश्यकता है। ऐसे कार्यक्रम युवाओं को नई दिशा देने के साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करते हैं। तकनीकी ज्ञान के साथ व्यावहारिक प्रदर्शन से सीखने की प्रक्रिया और प्रभावी होती है। “ड्रोन तकनीक युवाओं के लिए रोजगार और नवाचार के नए द्वार खोल रही है”। यह बातें बुधवार को नवाचार अधिकारी अनिल कुमार त्रिपाठी ने कही।
छत्रपति शाहू जी महाराज इनोवेशन फाउंडेशन द्वारा डीबीएस कॉलेज, गोविंद नगर के सहयोग से ड्रोन के क्षेत्र में उपलब्ध अवसर विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को ड्रोन तकनीक और उसके उपयोग से परिचित कराना रहा।
कार्यशाला में नवाचार अधिकारी अनिल कुमार त्रिपाठी ने ड्रोन की तकनीक और उसके व्यावहारिक उपयोग पर विस्तार से जानकारी दी। तकनीकी सत्र में कानपुर एयरोमॉडलिंग क्लब प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर आदित्य कुशवाहा एवं उनकी टीम ने ड्रोन की संरचना, कार्यप्रणाली और उपयोग का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम का उद्घाटन प्राचार्य प्रो. अनिल कुमार मिश्रा ने किया, जबकि संचालन प्रो. इन्द्राणी दुबे ने किया। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के शिक्षक एवं 60 से अधिक छात्र-छात्राओं ने भाग लिया।
समापन पर डॉ. अनुपम दुबे ने सभी अतिथियों, प्रशिक्षकों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप