वृंदावन : नाविकों ने यमुना में डूब रहे दाे श्रद्धालुओं की बचाई जान
मथुरा, 26 मई(हि.स.)। वृंदावन कोतवाली वृन्दावन क्षेत्र के प्रसिद्ध केशीघाट पर मंगलवार को यमुना स्नान के दौरान बड़ा हादसा होते-होते टल गया। राजस्थान के जोधपुर से आए दो श्रद्धालु स्नान करते समय अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। श्रद्धालुओं को डूबता देख वहां मौजूद नाविक तुरंत हरकत में आए और सूझबूझ का परिचय देते हुए दोनों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। नाविकों की तत्परता से एक बड़ी अनहोनी टल गई। इससे पूर्व भी चार श्रद्धालुओं को नाविकों ने डूबने से बचाया था।
गौरतलब हो कि नगर निगम द्वारा सुरक्षा के लिहाज से घाट पर बैरिकेडिंग कराई गई है, लेकिन निगरानी के अभाव में श्रद्धालु निर्धारित सीमा से आगे बढ़कर स्नान करने लगते हैं। मंगलवार दोपहर को राजस्थान निवासी केशव और जगदीश गहरे पानी में पहुंच गए और डूबने लगे। मौके पर मौजूद नाविकों ने तत्काल यमुना में उतरकर दोनों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। घटना के बाद घाट पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने नाविकों की बहादुरी और तत्परता की सराहना की। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते नाविक मदद के लिए नहीं पहुंचते तो बड़ा हादसा हो सकता था।
नाविक बलबीर निषाद ने बताया कि यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले मंगलवार सुबह भी यमुना में डूब रहे चार अन्य श्रद्धालुओं को नाविकों ने नाव के सहारे गहरे पानी से सुरक्षित बाहर निकाला था। इस तरह नाविकों की सतर्कता और बहादुरी से छह लोगों की जान बचाई जा चुकी है। घटना के बाद घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और श्रद्धालुओं की निगरानी बढ़ाने की मांग उठने लगी है।
हिन्दुस्थान समाचार / महेश कुमार