उप्र में जारी रहेगा भारी वर्षा का दौर, बलिया-देवरिया में अगले तीन घंटे ऑरेंज अलर्ट
लखनऊ, 29 अगस्त (हि.स.)। बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र और पूर्वी उत्तर प्रदेश पर बने चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव से प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां बढ़ने के आसार हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश में मध्यम बारिश के साथ कई स्थानों पर भारी वर्षा का दौर जारी रहने की संभावना है। इसी बीच सचेत ऐप के माध्यम से बलिया और देवरिया में अगले तीन घंटे के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
लखनऊ स्थित क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में बना निम्न दबाव क्षेत्र अगले 48 घंटों के दौरान मजबूत होकर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने की संभावना है। इसके प्रभाव से मानसूनी प्रवाह में बढ़ोतरी होगी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी। उन्होंने बताया कि पूर्वी यूपी में कहीं-कहीं भारी बारिश भी हो सकती है।
प्रदेश में आज (शनिवार) को बलिया, देवरिया, गोरखपुर, कुशीनगर, महाराजगंज, संतकबीरनगर, बस्ती, सिद्धार्थनगर, आजमगढ़, मऊ और वाराणसी समेत कई जिलों में बारिश दर्ज की गई है। कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ीं, जबकि कई स्थानों पर रुक-रुककर मध्यम बारिश हुई।
कानपुर में बीती रात शुक्रवार से बारिश का सिलसिला जारी है। जिससे सड़कों पर जलभराव की स्थिति बन गई है और यातायात प्रभावित हुआ है। बारिश का दौर शनिवार को भी लगातार बना रहा। बारिश के कारण लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सचेत ऐप से प्राप्त ताजा जानकारी के अनुसार अगले तीन घंटों में बलिया और देवरिया के कुछ इलाकों में गरज-चमक और बिजली के साथ मध्यम से तेज बारिश होने की बहुत संभावना है। इसे देखते हुए दोनों जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
अतुल कुमार सिंह के मुताबिक अगस्त के शेष दिनों में पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां अपेक्षाकृत सीमित रहने की संभावना है। हालांकि सितंबर के शुरुआती सप्ताह में पश्चिमी यूपी में भी बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने के आसार हैं। मौसम विभाग के अनुसार पूर्वी उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों में भी स्थानीय स्तर पर गरज-चमक और बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। बारिश और आकाशीय बिजली के दौरान लोगों को सतर्क रहने तथा खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की सलाह दी गई है। प्रशासन को भी अलर्ट वाले जिलों में स्थानीय परिस्थितियों पर नजर बनाए रखने और भारी बारिश की स्थिति में आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा