सरदार पटेल की जयंती की पूर्व संध्या पर निकली भव्य शोभायात्रा, लौह पुरुष को दी श्रद्धांजलि
वाराणसी, 30 अक्टूबर (हि.स.)। देश के प्रथम गृहमंत्री और लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती की पूर्व संध्या पर शुक्रवार को उत्तर प्रदेश के वाराणसी जनपद में लोहता क्षेत्र में बारिश के बीच भव्य शोभायात्रा निकाली गई। सामाजिक एकता मंच के बैनर तले आयोजित इस शोभायात्रा का नेतृत्व काशी विद्यापीठ ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि प्रवेश पटेल ने किया।
खराब मौसम और रुक-रुककर हो रही बारिश के बावजूद शोभायात्रा में बड़ी संख्या में लोगों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की। कोरौता रामलीला मैदान से बाइक और कारों के विशाल काफिले के साथ यात्रा का शुभारंभ हुआ। इसमें शामिल लोग 'जय-जय सरदार' के नारे लगाते हुए आगे बढ़े। शोभायात्रा में भाजपा पिछड़ा मोर्चा के महामंत्री भानु शंकर पटेल बतौर अतिथि शामिल हुए।
शोभायात्रा कोरौता रामलीला मैदान से निकलकर वाराणसी-भदोही मार्ग होते हुए चांदपुर तक पहुंची। इसके बाद विभिन्न मार्गों से भ्रमण करते हुए काशी विद्यापीठ ब्लॉक परिसर में इसका समापन हुआ। यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल भी साथ-साथ चलता रहा।
समापन अवसर पर प्रवेश पटेल ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल के विचारों में ही भारत की एकता और अखंडता का मूलमंत्र निहित है। उनके आदर्श आज भी देश को एकजुट रखने की प्रेरणा देते हैं। वहीं, भानु शंकर पटेल ने कहा कि सरदार पटेल ने 562 रियासतों का एकीकरण कर अखंड भारत के निर्माण में ऐतिहासिक भूमिका निभाई।
सर्वेश पटेल ने कहा कि सरदार पटेल का जीवन सादगी, साहस और दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रतीक है। जंग बहादुर पटेल ने कहा कि उनकी जयंती राष्ट्रीय एकता और अखंडता का पर्व है, जो देशवासियों को एकजुट रहने का संदेश देती है।
शोभायात्रा में आनंद पटेल, कोरौता ग्राम प्रधान दिनेश पटेल, छितौनी ग्राम प्रधान विजय जायसवाल, प्रमोद पटेल, मनोज पटेल, चंदन पटेल, जर्मन पटेल, विजय राज यादव, धर्मेंद्र मौर्य, गणेश पाल, किशन विश्वकर्मा और महमूदपुर प्रधानपति इम्तियाज हाशमी सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी