(अपडेट ) आस्था और सांस्कृतिक धरोहर के शिल्पी हैं नरेंद्र मोदी: डॉ नीलकंठ तिवारी

 


—प्रधानमंत्री मोदी के 76वें जन्मदिवस पर 76 बटुकों ने 76 लीटर केशर जल व दूध से किया मां गंगा का अभिषेक वाराणसी,17 सितंबर (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का 76वां जन्मदिन गुरूवार को उनके संसदीय क्षेत्र वाराणसी सहित पूरे देश में उत्साह और आध्यात्मिकता के साथ मनाया जा रहा है। वाराणसी में जन्मदिन पर बटुक ब्राह्मणों ने दुग्धाभिषेक,शंखनाद कर प्रधानमंत्री मोदी को आशीर्वाद दिया। प्रात: सात बजे से अहिल्याबाई घाट पर विप्र समाज के तत्वाववधान में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ मां गंगा का विधिवत पूजन किया गया। इसके बाद श्री अन्नपूर्णा ऋषिकुल ब्रह्मचर्य आश्रम व श्री शास्त्रार्थ महाविद्यालय के 76 बटुक ब्राह्मणों ने आचार्य उदित नारायण मिश्र के नेतृत्व में 76 लीटर केशर जल व दूध से माँ गंगा का अभिषेक किया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित पूर्व राज्यमंत्री व वाराणसी शहर दक्षिणी के विधायक डा.नीलकंठ तिवारी ने कहा कि आज देवशिल्पी विश्वकर्मा की भी जयंती हैं,अगर हम अपने राष्ट्र के नेता प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को आधुनिक भारत का शिल्पी कहे तो अतिशयोक्ति नहीं होगी। इन्होंनें कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का दूरदर्शी एवं राष्ट्रहित सर्वोपरि नेतृत्व सबका साथ-सबका विकास और सबका प्रयास रहा है। कार्यक्रम संयोजक वरिष्ठ भाजपा नेता व विप्र समाज के अध्यक्ष डा. पवन कुमार शुक्ला ने बताया कि प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेन्द्र मोदी ने काशी के विकास को नई दिशा दी। काशी विश्वनाथ कॉरिडोर का निर्माण,घाटों का सौंदर्यीकरण, बेहतर कनेक्टिविटी और बुनियादी ढांचे के विकास से काशी का स्वरूप बदला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का गंगा नदी के प्रति दृष्टिकोण आस्था,सांस्कृतिक धरोहर और इसके संरक्षण (सफाई) पर आधारित है। इस अवसर पर प्रदीप श्रीवास्तव, आशुतोष द्विवेदी,नवीन कसेरा,महंत रमेश तिवारी लिंगिया महाराज,संजय उपाध्याय,आकाश पाठक, सुनील यादव आदि भी मौजूद रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी