चोक और गंदे पानी की समस्याओं से मिलेगी निजात : वाराणसी में आधुनिक रोबोट से होगी सीवर लाइनों की सफाई

 


नगर निगम और 'सोलिनास इंटीग्रिटी' कंपनी के बीच हुआ करार, कोका-कोला कंपनी कर रही है सीएसआर फंडिंग

वाराणसी,06 नवम्बर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी वाराणसी शहर की सीवर लीकेज, चोक और गंदे पानी की समस्याओं से निपटने के लिए नगर निगम अब रोबोटिक तकनीक सहयोग ले रहा है । इसके तहत सीवर लाइनों की अड़चनें दूर करने के लिए रोबोट और कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है । इसके लिए गत दिनों सोलिनास इंटीग्रिटी प्राइवेट लिमिटेड के मध्य अनुबंध भी हो चुका है । चेन्नई की इस कंपनी के साथ हुए इस समझौते का मुख्य उद्देश्य सीवर लाइनों की देखरेख और स्वच्छता व्यवस्था को तकनीकी रूप से उन्नत करना है। इस पूरी परियोजना के लिए कोका-कोला कंपनी सीएसआर के तहत फंडिंग कर रही है। इसका जमीनी कार्य और फील्ड फोटोग्राफी सत्र गुरुवार से शुरू हो गई है। नगर निगम के जनसम्पर्क कार्यालय के अनुसार इस आधुनिक परियोजना के तहत कंपनी के पास पाइपलाइन निरीक्षण के लिए विशेष रोबोट और अत्याधुनिक कैमरे उपलब्ध हैं। इसके जरिए शहर में कहीं भी ब्लॉककेज, लीकेज या गंदे पानी की समस्या आने पर तुरंत सटीक जांच की जाती है। जल समस्याओं की शिकायत मिलने पर जेई के निर्देश पर पूरी टीम वहां पिट और गड्ढा तैयार कर छोटा पाइप डालकर कैमरे व रोबोट इंसर्ट करती है। इससे पाइप के अंदर की वास्तविक स्थिति, जैसे- जंग लगना, ब्लॉकेज या जाम होना, साफ पता चल जाता है। इस प्रक्रिया में दो प्रमुख तकनीकों का इस्तेमाल किया जा रहा है। एक स्पेशल एंडोकैम के माध्यम से 50 मिमी से 125 मिमी व्यास तक के पाइपों का निरीक्षण किया जाता है। एंडो-90 रोबोट यह उन्नत रोबोट 125 मिमी से लेकर 400 मिमी तक के बड़े पाइपों की जांच करने में सक्षम है, जिससे सटीक लोकेशन मिल जाती है कि किस मीटर पर खुदाई करके ब्लॉकेज ठीक करना है।

महापौर अशोक कुमार तिवारी के अनुसार, शहर के विकास और नागरिक सुविधाओं के विस्तार के लिए आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग समय की मांग है। इस तकनीकी सहयोग से न केवल सड़कों की अनावश्यक खुदाई बचेगी, बल्कि शहरवासियों को सीवर समस्याओं से त्वरित राहत भी मिलेगी।

हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी