बाबा विश्वनाथ को भीषण गर्मी से शीतलता प्रदान करने के लिए लगेगा जलधारी फव्वारा
—अक्षय तृतीया से परम्परानुसार शुरूआत,रक्षाबंधन तक प्रतिदिन निरंतर बाबा की सेवा में समर्पित
वाराणसी,17 अप्रैल (हि.स.)। जग के पालनहार श्री काशी विश्वनाथ को भीषण गर्मी और तपिश से बचाकर शीतलता प्रदान करने के लिए मंदिर के गर्भगृह में जलधारी फव्वारा लगाया जाएगा। परम्परानुसार पवित्र अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर श्री विश्वेश्वर के लिए शीतलता प्रदान करने के लिए फव्वारा व्यवस्था प्रारंभ की जाएगी। यह पावन फव्वारा सेवा का शुभारंभ सायंकालीन सप्तऋषि आरती के साथ किया जाएगा। यह जानकारी शुक्रवार को श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास की ओर से दी गई। बताया गया कि यह व्यवस्था रक्षाबंधन तक प्रतिदिन निरंतर रूप से बाबा की सेवा में समर्पित रहेगी। मान्यता है कि ग्रीष्म ऋतु में यह फव्वारा श्री विश्वेश्वर को शीतलता प्रदान करने के लिए स्थापित किया जाता है। यह केवल एक धार्मिक व्यवस्था ही नहीं, अपितु समस्त काशीवासियों एवं श्रद्धालु भक्तों की गहन आस्था एवं भावनाओं का प्रतीक भी है। मंदिर न्यास ने श्रद्धालु शिवभक्तों से अनुरोध किया कि वे इस दिव्य व्यवस्था के दर्शन कर पुण्य लाभ प्राप्त करें तथा परंपरा के संरक्षण में सहभागिता निभाएं। वहीं,धाम में गर्मी के दिनों में जर्मन हैंगर के साथ ही फव्वारा वाले फर्राटा पंखे भक्तों को गर्मी में तरावट भी देंगे।
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी