वाराणसी में 1.80 करोड़ की ड्रेन मास्टर मशीन से नालों की सफाई, महापौर ने किया लोकार्पण

 


— आधुनिक मशीन सूखा, कीचड़ व पानी तीनों सतहों पर काम करने में सक्षम,संकट मोचन और अस्सी क्षेत्र के नालों की सफाई

वाराणसी, 09 अप्रैल (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में नगर निगम प्रशासन ने मानसून के पूर्व शहर के नालों की सफाई ड्रेन मास्टर मशीन से शुरू कराई है। जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए नालों की सफाई पर खासा ध्यान दिया जा रहा है। गुरूवार को महापौर अशोक कुमार तिवारी ने 1.80 करोड़ रुपये की लागत वाली अत्याधुनिक एमीफीबियस ड्रेन मास्टर मशीन का लोकार्पण किया।

महापौर ने मशीन के लोकार्पण के बाद स्वयं मशीन चलाकर उसकी कार्य प्रणाली को परखा। महापौर के अनुसार यह मशीन अपनी विशिष्ट तकनीक के कारण सूखे स्थान, गहरे कीचड़ और पानी, तीनों ही परिस्थितियों में सुचारू रूप से कार्य करने में सक्षम है। 30 टन प्रतिदिन की कचरा निस्तारण क्षमता वाली इस मशीन का मुख्य उपयोग शहर के बड़े नालों, पोखरों और तालाबों की सफाई के साथ-साथ गंगा व वरुणा नदी में जमी सिल्ट (कीचड़) को निकालने के लिए किया जाएगा। ऐसे में इस मशीन के आने से बरसात के दिनों में होने वाले जलभराव की समस्या से काफी हद तक निजात मिलने की संभावना है।

मशीन के लोकार्पण के उपरांत महापौर अशोक कुमार तिवारी व नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने संयुक्त रूप से संकट मोचन पुलिया तथा अस्सी क्षेत्र के विभिन्न नालों का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान नगर निगम की टीम ने रविदास पार्क के सामने वाले नाले, अस्सी नाला और अस्सी घाट के समीप निर्माणाधीन मल्टी स्टोरेज पार्किंग का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान रत्नाकर पार्क में साफ-सफाई और रखरखाव की स्थिति संतोषजनक नहीं पाए जाने पर महापौर ने गहरी नाराजगी व्यक्त की।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्काल व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिया। महापौर ने स्पष्ट किया कि बरसात के दौरान नागरिकों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए और सभी नालों की डिसिल्टिंग का कार्य समय सीमा के भीतर पूर्ण हो जाना चाहिए।

हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी