युवा कांग्रेस के संसदीय जनसंपर्क कार्यालय मार्च को पुलिस ने रोका,सौंपा ज्ञापन
- “पीएम कम्प्रोमाइज” कार्यक्रम के तहत विरोध दर्ज कराया
वाराणसी, 28 फरवरी (हि.स.)। भारतीय युवा कांग्रेस की वाराणसी महानगर इकाई ने शनिवार को “पीएम कम्प्रोमाइज” कार्यक्रम के तहत प्रधानमंत्री के संसदीय जनसंपर्क कार्यालय की ओर कूच किया। हालांकि, पुलिस ने मैदागिन क्षेत्र में ही कार्यकर्ताओं को रोक दिया, जिसके बाद उन्होंने प्रदर्शन कर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन अधिकारियों को सौंपा।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार युवा कांग्रेस कार्यकर्ता मैदागिन स्थित पार्टी कार्यालय से पैदल मार्च निकालकर जवाहर नगर एक्सटेंशन, गुरुधाम स्थित प्रधानमंत्री के संसदीय जनसंपर्क कार्यालय की ओर बढ़ रहे थे। मार्च के आगे बढ़ते ही अधिकारियों ने पुलिस बल के साथ उन्हें रोक दिया। इससे आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने कुछ देर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
युवा कांग्रेस के स्थानीय महानगर अध्यक्ष चंचल शर्मा ने आरोप लगाया कि कार्यकर्ता शांतिपूर्ण ढंग से हाथों में तख्तियां और संविधान की प्रस्तावना लेकर मार्च कर रहे थे, लेकिन जिला प्रशासन ने उन्हें पार्टी कार्यालय के नीचे ही बलपूर्वक रोक दिया। उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है।
कांग्रेस महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से निकाले जा रहे मार्च को रोकना सरकार की असहिष्णुता को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास किया जा रहा है, जिसे देश के युवा स्वीकार नहीं करेंगे।
नेताओं ने बताया कि एआई समिट के दौरान भारतीय युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगें लोकतांत्रिक दायरे में रहकर रखी थीं, इसके बावजूद कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। उन्होंने युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानु चिब की गिरफ्तारी को भी चिंताजनक बताते हुए इसे लोकतांत्रिक परंपराओं के विपरीत बताया।
प्रदर्शन में मयंक चौबे, ओम शुक्ला, अनुपम राय, धीरज सोनकर, मो. जिशान, विनीत चौबे, महेश चौबे, अरुणेश सिंह और अनिल चौधरी सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे।-------------
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी