राजन श्रीवास्तव काशी हिंदू विश्वविद्यालय के कुलसचिव नियुक्त, कुलपति प्रो अजित कुमार चतुर्वेदी ने दी बधाई
वाराणसी, 24 मई (हि. स.) । राजीव गांधी पेट्रोलियम प्रौद्योगिकी संस्थान, जायस, अमेठी में कुलसचिव (डेप्युटेशन) के पद पर कार्यरत तथा भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (काशी हिंदू विश्वविद्यालय), वाराणसी के संयुक्त कुलसचिव (प्रशासन) राजन श्रीवास्तव का चयन काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के कुलसचिव पद पर हुआ है। उनकी नियुक्ति को उच्च शिक्षा प्रशासन के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है । रविवार को यह जानकारी बीएचयू जनसंपर्क कार्यालय ने दी । बताया गया कि लगभग तीन दशकों के समृद्ध प्रशासनिक अनुभव से संपन्न राजन श्रीवास्तव उच्च शिक्षा प्रशासन एवं वित्तीय प्रबंधन के क्षेत्र में अपनी दक्षता, कार्यकुशलता और नेतृत्व क्षमता के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने आईआईटी (बीएचयू) वाराणसी में विभिन्न महत्वपूर्ण प्रशासनिक एवं वित्तीय दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया है। वे आईआईटी (बीएचयू) वाराणसी में कार्यवाहक कुलसचिव के रूप में लगभग साढ़े चार वर्षों तक, 7 जुलाई 2025 तक, अपनी सेवाएँ दे चुके हैं।
राजन श्रीवास्तव ने अपने प्रशासनिक सेवा जीवन की शुरुआत वर्ष 1996 में काशी हिंदू विश्वविद्यालय में सहायक कुलसचिव के रूप में की थी। वर्ष 2009 में उन्हें बीएचयू में उप कुलसचिव पद पर पदोन्नत किया गया। इसके उपरांत वर्ष 2012 में वे उप कुलसचिव के रूप में आईआईटी (बीएचयू) वाराणसी से जुड़े। वर्ष 2014 से वे संयुक्त कुलसचिव के रूप में संस्थान के प्रशासनिक एवं वित्तीय कार्यों का दायित्व संभाल रहे थे। उनके नेतृत्व एवं प्रशासनिक दृष्टिकोण से संस्थान की प्रशासनिक प्रक्रियाओं, सुशासन व्यवस्था तथा प्रणालीगत सुदृढ़ीकरण में उल्लेखनीय सुधार हुए।
उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व राजन श्रीवास्तव का चयन अटल बिहारी वाजपेयी भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी एवं प्रबंधन संस्थान, ग्वालियर के कुलसचिव पद पर भी हुआ था, हालांकि उन्होंने वहाँ कार्यभार ग्रहण नहीं किया। इसके बाद उन्होंने 7 मार्च 2026 को राजीव गांधी पेट्रोलियम प्रौद्योगिकी संस्थान, जायस, अमेठी में कुलसचिव पद का कार्यभार संभाला।
उनकी नई नियुक्ति पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए काशी हिंदू विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर अजीत कुमार चतुर्वेदी ने राजन श्रीवास्तव को बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि श्रीवास्तव एक प्रतिबद्ध, अनुभवी एवं कुशल प्रशासक हैं, जिनका प्रशासनिक एवं वित्तीय शासन में योगदान अत्यंत सराहनीय रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि राजन श्रीवास्तव का अनुभव, दूरदर्शिता एवं नेतृत्व क्षमता काशी हिंदू विश्वविद्यालय की प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं प्रभावी बनाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी