मणिद्वीप सा बनेगा विंध्य कॉरिडोर, वैश्विक धार्मिक केंद्र बनेगा विंध्यधाम : पीएन द्विवेदी

 


- मां विंध्यवासिनी, मां अष्टभुजा और मां काली का दर्शन कर की त्रिकोण परिक्रमा

- विश्व कल्याण की कामना की, बोले- विंध्य दरबार में मिलती है आध्यात्मिक शांति

- विंध्य कॉरिडोर से धार्मिक पर्यटन और अर्थव्यवस्था को मिलेगा नया आयाम

मीरजापुर, 27 मार्च (हि.स.)। चैत्र नवरात्र की नवमी तिथि पर उत्तर प्रदेश के सूचना आयुक्त पदुम नारायण द्विवेदी (पीएन द्विवेदी) ने सपत्नी पहुंचकर विधिवत दर्शन-पूजन किया। दर्शन के उपरांत उन्होंने कहा कि मां विंध्यवासिनी के दरबार में अद्भुत आध्यात्मिक शांति की अनुभूति होती है, जो श्रद्धालुओं को आस्था के साथ ऊर्जा भी प्रदान करती है। दर्शन-पूजन के बाद उन्होंने कालीखोह मंदिर और अष्टभुजा मंदिर में मत्था टेककर त्रिकोण परिक्रमा की और देश-प्रदेश की उन्नति व विश्व कल्याण की कामना की।

राज्य सूचना आयुक्त पदुम नारायण द्विवेदी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के महत्वाकांक्षी ड्रीम प्रोजेक्ट विंध्य कॉरिडोर का स्थलीय निरीक्षण किया और इसके स्वरूप को 'मणिद्वीप' की संज्ञा देते हुए कहा कि यह परियोजना आने वाले समय में देश के प्रमुख आध्यात्मिक केंद्रों में विंध्यधाम को स्थापित करेगी। 'हिन्दुस्थान समाचार' से खास बातचीत में उन्होंने कहा कि 320 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से बन रहा यह कॉरिडोर अब अपने अंतिम चरण में है और 95 प्रतिशत से अधिक कार्य पूर्ण हो चुका है। लगभग 50 फीट चौड़े परिक्रमा पथ, भव्य परकोटे और सैकड़ों पिलरों से सुसज्जित यह परिसर श्रद्धालुओं को दिव्य आध्यात्मिक अनुभव देगा।

--बढ़ेंगे रोजगार, खुलेंगे तरक्की के द्वार

पीएन द्विवेदी ने कहा कि विंध्यधाम का यह पुनर्विकास केवल धार्मिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि आर्थिक दृष्टि से भी बेहद महत्वपूर्ण है। मां विंध्यवासिनी, अष्टभुजा और कालीखोह मंदिरों को जोड़कर विकसित किया जा रहा शक्तिपीठ सर्किट देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में बड़ा इजाफा करेगा। इससे होटल, परिवहन, प्रसाद, हस्तशिल्प और स्थानीय व्यापार से जुड़े हजारों लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलेगा।

--प्रदेश की अर्थव्यवस्था को गति देगा विंध्य क्षेत्र

उन्होंने कहा कि गंगा तट का हरिद्वार की तर्ज पर हो रहा विकास, पक्के घाट, पाथवे और ‘मां की पैड़ी’ जैसी सुविधाएं विंध्य क्षेत्र को एक पूर्ण धार्मिक पर्यटन हब में परिवर्तित करेंगी। साथ ही पार्किंग, लिफ्ट, गोल्फ कार्ट और आकर्षक प्रकाश व्यवस्था जैसी आधुनिक सुविधाएं श्रद्धालुओं की यात्रा को सुगम बनाएंगी, जिससे यहां ठहराव की अवधि बढ़ेगी और स्थानीय बाजारों में आर्थिक गतिविधियां तेज होंगी। उन्होंने विश्वास जताया कि विंध्य कॉरिडोर के पूर्ण होते ही विंध्य क्षेत्र न केवल आस्था का केंद्र रहेगा, बल्कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को गति देने वाला प्रमुख धार्मिक पर्यटन स्थल बनकर उभरेगा, जहां श्रद्धा और विकास एक साथ आगे बढ़ते नजर आएंगे।

--मर्यादा, कर्तव्य और लोककल्याण का आदर्श हैं भगवान राम

रामनवमी के पावन अवसर पर राज्य सूचना आयुक्त पीएन द्विवेदी ने प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भगवान राम का जीवन आदर्श, मर्यादा और लोककल्याण का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि रामनवमी हमें धर्म, न्याय और समाज के प्रति कर्तव्य निभाने की प्रेरणा देती है। इस अवसर पर उन्होंने सभी से सामाजिक समरसता, भाईचारे और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।

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हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा