आईजीआरएस निस्तारण में विंध्याचल मंडल पूरे प्रदेश में नंबर-वन

 


- अगस्त की रैंकिंग में 87.50 प्रतिशत अंक, संदर्भों की मार्किंग व अग्रसारण में हासिल किया पहला स्थान

मीरजापुर, 02 सितंबर (हि.स.)। शासन की महत्वपूर्ण जन शिकायत निवारण प्रणाली आईजीआरएस में विंध्याचल मंडल ने प्रदेश में अपनी कार्यकुशलता का परचम लहराया है। अगस्त 2026 की जारी रैंकिंग में संदर्भों की मार्किंग और अग्रसारण में लगे औसत दिवस के मामले में विंध्याचल मंडल ने प्रदेश के सभी 18 मंडलों को पीछे छोड़ते हुए प्रथम स्थान हासिल किया है। मंडल को निर्धारित 120 पूर्णांक में से 105 अंक मिले, जो 87.50 प्रतिशत प्रगति है।

शासन की रिपोर्ट के अनुसार मुख्यमंत्री, जिलाधिकारी और अन्य उच्चस्तरीय संदर्भों को मंडल स्तर से संबंधित जनपदों एवं विभागों तक पहुंचाने में विंध्याचल मंडल ने सबसे कम समय लिया। इस उपलब्धि पर मंडलायुक्त राजेश प्रकाश ने अधिकारियों और आईजीआरएस सेल में तैनात कर्मचारियों को बधाई दी।

मंडलायुक्त ने कहा कि यह उपलब्धि टीमवर्क का परिणाम है। मीरजापुर, भदोही और सोनभद्र के जिलाधिकारियों, मंडलीय अधिकारियों और समीक्षा अधिकारियों ने आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारी निभाई। उन्होंने कहा कि शिकायत निस्तारण की प्रक्रिया में संदर्भों को संबंधित विभाग तक तेजी से पहुंचाना पहला महत्वपूर्ण कदम है।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इसी कार्यशैली को आगे भी बनाए रखें। केवल तेजी ही नहीं, बल्कि शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण और संतोषजनक निस्तारण पर भी विशेष ध्यान दिया जाए। कोई भी संदर्भ बिना ठोस कार्रवाई के लंबित न रहे और शिकायतकर्ता को स्पष्ट जवाब मिले।

मंडलायुक्त ने कहा कि आईजीआरएस की नियमित समीक्षा जारी रहेगी। उन्होंने अपर आयुक्त, संयुक्त विकास आयुक्त, मंडलीय अधिकारियों और आईजीआरएस पटल प्रभारियों को बधाई देते हुए प्रदेश में आगे भी नंबर-वन बने रहने के लिए और बेहतर प्रयास करने का आह्वान किया।

हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा