फार्मर रजिस्ट्री में लापरवाही पर सीडीओ ने दो अधिकारियों का वेतन रोका
अमेठी, 16 जनवरी (हि.स.)। भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना फार्मर रजिस्ट्री में जनपद अमेठी की अत्यंत खराब प्रगति को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है।
मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) सचिन कुमार सिंह ने शुक्रवार को लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करते हुए उप कृषि निदेशक, जिला कृषि अधिकारी का जनवरी 2026 का वेतन अग्रिम आदेशों तक अवरुद्ध करने के निर्देश दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, 14 जनवरी 2026 को मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश की अध्यक्षता में आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान फार्मर रजिस्ट्री की समीक्षा में अमेठी जनपद की प्रगति प्रदेश स्तर पर बेहद असंतोषजनक पाई गई। इस पर मुख्य सचिव ने गहरी नाराजगी व्यक्त की। समीक्षा में सामने आया कि जनपद में फार्मर रजिस्ट्री का कुल लक्ष्य 3,18,853 कृषकों का है, जिसके सापेक्ष अब तक मात्र 1,87,913 किसानों का ही पंजीकरण हो पाया है। शेष 1,30,940 किसानों का पंजीकरण अभी लंबित है।सीडीओ, की गई जिला स्तरीय समीक्षा में यह स्पष्ट हुआ कि योजना के क्रियान्वयन में नियमित निगरानी, प्रभावी मॉनिटरिंग और अभियानात्मक कार्यवाही का अभाव रहा। फील्ड स्तर पर अपेक्षित सक्रियता न होने के कारण लक्ष्य की प्राप्ति नहीं हो सकी, जिससे जनपद की छवि भी प्रभावित हुई है।
सीडीओ सचिन कुमार सिंह ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि तत्काल प्रभाव से विशेष अभियान चलाकर फार्मर रजिस्ट्री के शेष लक्ष्य को सर्वोच्च प्राथमिकता पर पूरा किया जाए। साथ ही प्रतिदिन की प्रगति रिपोर्ट जिला स्तर पर उपलब्ध कराने के आदेश दिए गए हैं। लक्ष्य पूर्ण होने और संतोषजनक प्रगति के बाद ही वेतन अवरोधन पर आगे निर्णय लिया जाएगा। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शासन की महत्वाकांक्षी योजनाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
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हिन्दुस्थान समाचार / लोकेश त्रिपाठी