फिरोजाबाद के कृष्ण धामों का होगा कायाकल्प, 7 करोड़ से अधिक की परियोजना पर होगा कार्य

 


फिरोजाबाद, 29 अगस्त (हि.स.)। राधा-कृष्ण से जुड़े फिरोजाबाद के प्रमुख आस्था केंद्रों को पर्यटन की मुख्यधारा से जोड़ने की पहल की जा रही है। जनपद के विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित मंदिरों के पर्यटन विकास और सौंदर्यीकरण के लिए करीब 07 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं पर कार्य कराया जा रहा है। इन परियोजनाओं के माध्यम से धार्मिक स्थलों पर आवश्यक पर्यटन सुविधाएं विकसित की जा रही हैं, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और ये स्थल आकर्षक धार्मिक पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित होंगे।

फिरोजाबाद के ग्राम नगला पीरिया स्थित रामकृष्ण धाम मंदिर (गंगा सागर गरियारी) के पर्यटन विकास के लिए करीब 1.10 करोड़ रुपये की परियोजना पर कार्य कराया जा रहा है। नारखी ब्लॉक के ग्राम बड़ा गांव स्थित श्री राधा कृष्ण मंदिर के लिए करीब 1.49 करोड़ रुपये, ग्राम असवाई स्थित ऐतिहासिक श्री राधाकृष्ण मंदिर के पर्यटन विकास के लिए करीब 1.35 करोड़ रुपये तथा ग्राम गौंछ स्थित श्री राधाकृष्ण मंदिर के सुंदरीकरण एवं पर्यटन विकास के लिए करीब 1.36 करोड़ रुपये की परियोजना पर कार्य किया जा रहा है। वहीं ग्राम रामनगर स्थित ठाकुर जी महाराज मंदिर के सुंदरीकरण एवं पर्यटन विकास के लिए करीब 1.96 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इस प्रकार पांचों धार्मिक स्थलों के विकास पर कुल करीब 7.26 करोड़ रुपये व्यय किए जा रहे हैं।

पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार उत्तर प्रदेश की धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करते हुए उसे पर्यटन से जोड़ने का कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि ब्रज की पहचान भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति और उनसे जुड़ी समृद्ध परंपराओं से है और यह विरासत केवल प्रमुख तीर्थस्थलों तक सीमित नहीं है। फिरोजाबाद में कृष्ण भक्ति से जुड़े इन धार्मिक स्थलों का विकास इसी व्यापक विरासत को सामने लाने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि इन स्थलों के विकास से श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और फिरोजाबाद आने वाले पर्यटकों को ब्रज की धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़े नए गंतव्यों का अनुभव प्राप्त होगा।

पर्यटन विभाग की इन परियोजनाओं से मंदिर परिसरों और आसपास के क्षेत्रों में पर्यटन सुविधाओं का विस्तार होगा। श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या बढ़ने से स्थानीय दुकानदारों, परिवहन, खान-पान, हस्तशिल्प और अन्य सेवा क्षेत्रों को भी लाभ मिलेगा। इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति देने के साथ रोजगार और आजीविका के नए अवसर सृजित होने की संभावना है। विभाग का प्रयास है कि फिरोजाबाद में ब्रज की कृष्ण भक्ति से जुड़े इन धार्मिक स्थलों को विकसित कर उन्हें व्यापक पर्यटन मानचित्र पर स्थान दिलाया जाए और जनपद की धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाया जाए।

हिन्दुस्थान समाचार / कौशल राठौड़