निराश्रित पशु-पक्षियों की सेवा भी हमारा नैतिक दायित्व : गणेश केसरवानी

 


भीषण गर्मी में पशु-पक्षियों की प्यास बुझाने के लिए नगर निगम की अनूठी पहल, हर वार्ड में रखे जाएंगे जलपात्र

प्रयागराज, 08 जून (हि.स.)। “नगर निगम केवल नागरिक सुविधाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और पशु कल्याण के प्रति भी पूरी तरह प्रतिबद्ध है। भीषण गर्मी में निराश्रित पशु-पक्षियों के लिए जल की व्यवस्था करना हमारा नैतिक दायित्व है।” यह बातें सोमवार को महापौर गणेश केसरवानी ने नगर निगम परिसर में आयोजित जलपात्र वितरण कार्यक्रम के दौरान कहीं।

भीषण गर्मी और बढ़ते तापमान के बीच नगर निगम प्रयागराज ने निराश्रित पशु-पक्षियों की प्यास बुझाने के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। पशु कल्याण विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में शहर के सभी वार्डों में पांच-पांच जलपात्र वितरित करने का निर्णय लिया गया। इन जलपात्रों को सार्वजनिक स्थलों, पार्कों, मोहल्लों एवं ऐसे स्थानों पर रखा जाएगा, जहां बड़ी संख्या में निराश्रित पशु एवं पक्षी आते-जाते हैं।

महापौर गणेश केसरवानी ने कहा कि जिस प्रकार नगर निगम द्वारा प्रमुख चौराहों पर यात्रियों के लिए ग्रीन शेड और शीतल प्याऊ की व्यवस्था की गई है, उसी प्रकार पशु-पक्षियों के लिए भी जल की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे भी अपने घरों, दुकानों और प्रतिष्ठानों के बाहर जलपात्र रखें, ताकि अधिक से अधिक जीव-जंतुओं को राहत मिल सके।

उन्होंने कहा कि यह पहल केवल पशु-पक्षियों की प्यास बुझाने तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में जीवों के प्रति संवेदनशीलता, दया और करुणा की भावना को बढ़ावा देने का भी प्रयास है। नगर निगम का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ जैव विविधता के संरक्षण को भी बढ़ावा देना है।

कार्यक्रम में अपर नगर आयुक्त अरविंद राय और अपर नगर आयुक्त राजीव शुक्ला ने नगर निगम की इस पहल को पशु कल्याण की दिशा में एक सकारात्मक और मानवीय कदम बताया। उन्होंने कहा कि जनसहभागिता से ऐसे अभियान और अधिक प्रभावी बन सकते हैं।

इस अवसर पर पार्षद सुनीता चोपड़ा, कुसुम लता, आशीष यादव, मुकेश लारा, श्याम प्रकाश पांडेय, शिव सेवक सिंह पटेल, हिमालय सोनकर, संदीप केसरवानी, सुभाष चंद्र वैश्य सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं नगर निगम के अधिकारी उपस्थित रहे।

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हिन्दुस्थान समाचार / रामबहादुर पाल