वरिष्ठ साहित्यकार रामसागर शुक्ल की देवरिया के प्रतिनिधि कवि और आइये देवरिया चलें पुस्तक का हुआ विमोचन
लखनऊ, 02 जून (हि.स.)। तुलसी स्मारक समिति ने राजधानी लखनऊ के विकासखंड गोमती नगर स्थित मानस मठिया में बड़े मंगल के अवसर पर एक भंडारे का आयोजन किया।
इस अवसर पर वरिष्ठ साहित्यकार और आकाशवाणी समाचार के पूर्व अपर महानिदेशक रामसागर शुक्ल की, देवरिया के प्रमुख कवियों और ऐतिहासिक स्थलों पर आधारित, दो पुस्तकों का क्रमश:, देवरिया के प्रतिनिधि कवि और आइये देवरिया चलें का विमोचन किया गया।
पुस्तक के विषय में चर्चा करते हुए श्री शुक्ल ने कहा कि देवरिया की पुण्यभूमि के कई कालजयी रचनाकारों ने भारतीय साहित्य को समृद्ध किया है। श्री शुक्ल ने बताया कि देवरिया के ऐतिहासिक स्थलों पर वैदिक कालीन संदर्भ मिलते हैं। भगवान श्री कृष्ण, भगवान परशुराम और अश्वत्थामा से जुड़े स्थान लोगों को आकर्षित करते हैं।
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश फिल्म बंधु के पूर्व संयुक्त निदेशक राम मनोहर त्रिपाठी ने कहा कि रामसागर शुक्ल की लेखनी निरंतर लोगों को भारतीय परंपराओं से जोड़े रखने का कार्य करती है।
प्रसिद्ध अर्थशास्त्री और शकुंतला मिश्रा विश्वविद्यालय के पूर्व डीन प्रोफेसर अंबिका प्रसाद तिवारी ने कहा कि रामसागर शुक्ल का साहित्य सागर सरीखा है, जिसमें निरंतर पाठकों को बहुमूल्य मोती प्राप्त होते रहते हैं। भाजपा नेता देवानंद त्रिपाठी ने पुस्तकों की सराहना की। वरिष्ठ पत्रकार अभयानंद शुक्ल ने देवरिया के योगदान पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर लोगों ने हनुमान जी का स्मरण कर प्रसाद ग्रहण किया।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से शरद मिश्र, ओम अवस्थी, गिरीश चंद्र अग्निहोत्री, पंकज बिंद्रा, अनिमेष मिश्रा, आयुष शुक्ला, वैभव शुक्ला, अनुज सिंह, अरिंदम शुक्ल सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा