जरूरतमंद परिवारों को योजनाओं का लाभ दिलाकर आत्मनिर्भर बनाया जा रहा : जिलाधिकारी
कानपुर, 19 सितंबर (हि.स.)। पात्र जरूरतमंद परिवारों को सरकारी योजनाओं से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के साथ उनकी मूलभूत जरूरतें पूरी कराई जा रही हैं। रिंकी मिश्रा के परिवार को भी आवास, रोजगार, राशन, पेंशन और बेटियों की शिक्षा सहित विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाया गया है।”
यह बात जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने शनिवार को बिरसिंहपुर में रिंकी मिश्रा के घर पहुंचकर परिवार का हाल जानने के दौरान कही। गत 18 जुलाई को संपूर्ण समाधान दिवस में रिंकी करीब 18 किलोमीटर पैदल चलकर अपनी फरियाद लेकर घाटमपुर तहसील पहुंची थी। उस समय जिलाधिकारी ने उसकी समस्या सुनकर अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए थे। शनिवार को घाटमपुर में फिर संपूर्ण समाधान दिवस आयोजित हुआ, लेकिन इस बार रिंकी को वहां जाने की जरूरत नहीं पड़ी। जिलाधिकारी खुद उसके घर पहुंच गए।
जिलाधिकारी की पहल पर जनसहयोग से रिंकी का पक्का मकान बनवाया जा रहा है। जिलाधिकारी ने मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य की प्रगति देखी और परिवार से बातचीत कर व्यवस्थाओं की जानकारी ली। रिंकी मिश्रा के पति राजीव मिश्रा की करीब 10 वर्ष पहले आकस्मिक मृत्यु हो गई थी। इसके बाद दो बेटियों की जिम्मेदारी उसके कंधों पर आ गई। बड़ी बेटी 16 वर्ष की है और पूर्णतः दिव्यांग है, जबकि छोटी बेटी अदिति 14 वर्ष की है। कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण रिंकी को परिवार चलाने के साथ बेटियों की पढ़ाई, इलाज और भविष्य की चिंता रहती थी। प्रशासन की पहल से रिंकी को अंत्योदय राशन कार्ड, रसोई गैस कनेक्शन और निराश्रित महिला पेंशन का लाभ मिला है। आयुष्मान कार्ड से परिवार को उपचार की सुविधा मिली है। दिव्यांग बेटी का यूनिक आईडी कार्ड बन चुका है और दोनों बेटियों को मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना से जोड़ा जा रहा है।
रिंकी को आत्मनिर्भर बनाने के लिए घर के पास प्राथमिक विद्यालय में रसोइया का काम भी मिला है। वहीं छोटी बेटी अदिति का पंडित राम यश मेमोरियल एजुकेशन सेंटर में प्रवेश कराया और फीस भी जमा कराई थी। अब कक्षा सात की छात्रा अदिति ने यूनिट टेस्ट में प्रथम स्थान हासिल किया है। जिलाधिकारी के घर पहुंचने पर अदिति ने कहा कि वह बड़ी होकर जिलाधिकारी बनना चाहती है और उनकी तरह लोगों की मदद करना चाहती है। रिंकी ने भी पिछली मुलाकात को याद करते हुए कहा कि तब वह अपनी फरियाद लेकर जिलाधिकारी के पास पहुंची थी और इस बार डीएम खुद उसके घर आए हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप