ग्रामोद्योग से आत्मनिर्भर गांव की ओर योगी सरकार का बड़ा कदम, 10 लाख तक ब्याज सहायता युक्त ऋण
ग्रामीण युवाओं को उद्योग स्थापना का मौका, आवेदन आमंत्रित
ग्रामीण क्षेत्रों में नए उद्योग स्थापित कर रोजगार के अवसर सृजित करना है लक्ष्य
लखनऊ, 21 अप्रैल (हि.स.)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने और युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए लगातार प्रयासरत है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए जनपद लखनऊ में बेरोजगार युवाओं से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। योजना के तहत अधिकतम 10 लाख रुपये तक का ब्याज सहायता युक्त ऋण बैंकों के माध्यम से उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में नए उद्योग स्थापित कर रोजगार के अवसर सृजित किए जा सकें।
12 इकाइयों का लक्ष्य, स्वरोजगार को मिलेगा बढ़ावा
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी ए.के. गौतम ने बताया कि जनपद लखनऊ के लिए इस वर्ष 12 इकाइयों का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। योजना के तहत सामान्य वर्ग के पुरुष लाभार्थियों को बैंक ऋण पर केवल 4 प्रतिशत ब्याज स्वयं वहन करना होगा, जबकि शेष ब्याज का भार सरकार अनुदान के रूप में वहन करेगी। वहीं अनुसूचित जाति, जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक, महिला, भूतपूर्व सैनिक एवं दिव्यांग श्रेणी के लाभार्थियों को टर्म लोन पर पूरा ब्याज सरकार द्वारा वहन किया जाएगा।
युवाओं के लिए आसान शर्तें
योजना में सामान्य वर्ग के पुरुष आवेदकों को परियोजना लागत का 10 प्रतिशत तथा आरक्षित वर्ग के लाभार्थियों को मात्र 5 प्रतिशत अंशदान देना होगा। आवेदन के लिए आयु 18 से 50 वर्ष के बीच और न्यूनतम शैक्षिक योग्यता कक्षा 8 उत्तीर्ण निर्धारित की गई है। साथ ही, आवेदक ने पूर्व में किसी भी वित्तीय संस्था या खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड से ऋण अनुदान प्राप्त न किया हो।
ऑनलाइन आवेदन की सुविधा, पारदर्शी प्रक्रिया
योगी सरकार की पारदर्शी और डिजिटल व्यवस्था के तहत योजना में आवेदन ऑनलाइन माध्यम से किए जा सकते हैं। आवेदन के साथ पासपोर्ट साइज फोटो, शैक्षिक प्रमाण पत्र, ग्राम प्रधान का अनापत्ति प्रमाण पत्र, जनसंख्या प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, विस्तृत परियोजना रिपोर्ट, जाति प्रमाण पत्र (जहां लागू हो) तथा निवास प्रमाण पत्र अपलोड करना अनिवार्य होगा।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई मजबूती
प्रदेश सरकार का मानना है कि इस योजना के माध्यम से गांवों में छोटे उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन होगा और युवाओं का पलायन भी रुकेगा। जिला ग्रामोद्योग अधिकारी ने सभी पात्र युवाओं से अपील की है कि वे इस योजना का अधिकतम लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ें और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करें। विस्तृत जानकारी के लिए जिला ग्रामोद्योग कार्यालय, 8-कैंट रोड, कैसरबाग, लखनऊ में संपर्क किया जा सकता है या दूरभाष संख्या 9580503141 एवं 7376766427 पर जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा