बाढ़ में योगी सरकार का राहत अभियान तेज, 19 हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया

 


राहत-बचाव के बीच 4.66 लाख से अधिक लंच पैकेट और 92 हजार राहत खाद्य पैकेट वितरित किए

1,977 नाव-मोटरबोट से जारी है बचाव अभियान, अब तक शून्य जनहानि, शरणालयों में मिला सुरक्षित ठिकाना

लोगों के स्वास्थ का ध्यान रखते हुए 6.13 लाख क्लोरीन टैबलेट और 2.17 लाख ओआरएस वितरित किए

लखनऊ, 05 सितंबर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश में बाढ़ की चुनौती के बीच योगी सरकार ने राहत एवं बचाव अभियान को युद्धस्तर पर तेज कर दिया है। प्रशासन की सतर्कता, राहत दलों की तत्परता और प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी का असर साफ दिखाई दे रहा है। उत्तर प्रदेश राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक प्रदेश में अब तक 19,294 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है, जबकि बाढ़ से जन व पशुहानि का आंकड़ा शून्य है। प्रभावित परिवारों तक भोजन और जरूरी राहत सामग्री पहुंचाने के साथ स्वास्थ्य सुरक्षा के भी व्यापक इंतजाम किए गए हैं।

4.66 लाख से अधिक लंच पैकेट बांटे

बाढ़ प्रभावित लोगों को तत्काल भोजन उपलब्ध कराने के लिए बड़े स्तर पर राहत अभियान चल रहा है। अब तक 4.66 लाख से अधिक लंच पैकेट वितरित किए जा चुके हैं। इसके अलावा 92,128 बाढ़ राहत खाद्य पैकेट भी प्रभावित परिवारों तक पहुंचाए गए हैं। इससे बाढ़ के चलते आवागमन अवरुद्ध होने से प्रभावित होने वाले परिवारों को संकट के समय भोजन की उपलब्धता सुनिश्चित हो रही है।

रेस्क्यू अभियान में 1,977 नाव-मोटरबोट

राहत एवं बचाव अभियान के लिए अब तक 1,977 नाव एवं मोटरबोट रेस्क्यू कार्य में लगाई जा चुकी हैं। इनके माध्यम से प्रभावित गांवों और जलभराव वाले इलाकों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के साथ जरूरी राहत सामग्री भी पहुंचाई जा रही है।

1,313 बाढ़ शरणालयों में सुरक्षित ठिकाना

प्रभावित लोगों के लिए प्रदेश में अब तक 1,313 बाढ़ शरणालय स्थापित किए गए हैं। जहां 6,538 लोग रह रहे हैं। सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए लोगों के लिए भोजन और आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जा रही है।

स्वास्थ्य विभाग से लगातार सक्रिय

बाढ़ के बाद जलजनित बीमारियों की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय है। प्रदेश में 1,072 मेडिकल टीमें गठित की गई हैं। स्वच्छ पेयजल और स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए अब तक 6.13 लाख से ज्यादा क्लोरीन टैबलेट और 2.17 लाख से अधिक ओआरएस पैकेट वितरित किए जा चुके हैं। इससे प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य संबंधी जोखिम को कम करने में मदद मिल रही है।

शनिवार को प्रभावित जिले

अयोध्या, आजमगढ़, बहराइच, बदायूं, बलिया, बांदा, बाराबंकी, बस्ती, चंदौली, फर्रुखाबाद, गाजीपुर, गोंडा, गोरखपुर, हरदोई, कासगंज, कानपुर नगर, लखीमपुर खीरी, मिर्जापुर, मुरादाबाद, प्रयागराज, रायबरेली, संत कबीर नगर, रामपुर, शाहजहांपुर, सीतापुर, उन्नाव और वाराणसी।

हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा