सुरक्षा का भरोसा, आत्मविश्वास की उड़ान, मिशन शक्ति से जागरूक हो रहीं बेटियां
- मिशन शक्ति अभियान के दूसरे दिन बेसिक शिक्षा विभाग की गतिविधियों में 11.72 लाख से अधिक प्रतिभागियों की सहभागिता
- बालिकाओं के अधिकारों, सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के प्रति जागरूकता पर जोर
लखनऊ, 12 अक्टूबर (हि.स.)। बेटियों के अधिकारों की पहचान, सुरक्षा का भरोसा और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने की राह के उद्देश्यों के साथ मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत बेसिक शिक्षा विभाग के विद्यालयों में व्यापक जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। अभियान के दूसरे दिन परिषदीय प्राथमिक, उच्च प्राथमिक एवं कंपोजिट विद्यालयों तथा कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालयों में 11,72,102 प्रतिभागियों की सहभागिता ने इस पहल का व्यापक स्वरूप सामने रखा।
रैलियों, पोस्टर-बैनर, नाट्य रूपांतरण और संवाद के माध्यम से बालिकाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा, सम्मान एवं स्वावलंबन के प्रति जागरूक किया गया, वहीं महिला हेल्पलाइन 1090 व 181, आपातकालीन सेवा 112 और बाल हेल्पलाइन 1098 की जानकारी देकर जरूरत के समय सहायता प्राप्त करने के प्रति भी जागरूकता बढ़ाई गई।
जागरूकता अभियान में विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षकों की भागीदारी
अभियान के दूसरे दिन आयोजित गतिविधियों में 8,16,108 विद्यार्थी, 2,90,551 अभिभावक और 65,443 शिक्षक शामिल रहे। विद्यार्थियों में 4,53,744 बालिकाएं और 3,62,364 बालक शामिल थे। व्यापक सहभागिता के माध्यम से बालिकाओं के अधिकारों और सुरक्षा से जुड़े विषयों पर विद्यालयों के साथ अभिभावकों को भी जागरूकता अभियान से जोड़ने पर जोर दिया गया।
रैली और नाट्य रूपांतरण से दिया सुरक्षा का संदेश
परिषदीय विद्यालयों और कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालयों में बालिकाओं के अधिकारों एवं सुरक्षा से जुड़े विषयों पर चर्चा की गई। जागरूकता रैलियों में पोस्टर और बैनर के माध्यम से सुरक्षा, सम्मान और अधिकारों का संदेश दिया गया। नाट्य रूपांतरण तथा संवाद जैसी गतिविधियों के जरिए विद्यार्थियों को इन विषयों के प्रति संवेदनशील बनाने और सुरक्षित वातावरण के महत्व को समझाने का प्रयास किया गया।
हेल्पलाइन की जानकारी से सहायता पाने के प्रति जागरूकता
विद्यालयों में विद्यार्थियों को महिला हेल्पलाइन 1090 व 181, आपातकालीन सेवा 112 और बाल हेल्पलाइन 1098 की जानकारी दी गई। इसका उद्देश्य बालिकाओं को उपलब्ध सहायता सेवाओं से परिचित कराना और आवश्यकता पड़ने पर सही माध्यम से मदद लेने के प्रति जागरूक बनाना रहा।
बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संदीप सिंह ने कहा कि मिशन शक्ति अभियान के माध्यम से बालिकाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा और सम्मान के प्रति जागरूक किया जा रहा है। विद्यालयों में आयोजित गतिविधियां उनमें आत्मविश्वास और स्वावलंबन की भावना विकसित करने के साथ सुरक्षित वातावरण के निर्माण में भी सहायक हैं।
महानिदेशक, स्कूल शिक्षा मोनिका रानी ने कहा कि मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत निर्धारित गतिविधियों का प्रभावी संचालन और विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की जा रही है। रैली, पोस्टर और संवाद जैसी गतिविधियों के माध्यम से बालिकाओं को सुरक्षा एवं अधिकारों के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा