देवरिया में कूड़े के ढेर में लगी आग बनी जानलेवा, बाइक सवार पिता,बेटा और बेटी झुलसे

 










-घटना से नाराज पूर्व विधायक अनुग्रह नारायण उर्फ खोखा सिंह ने समर्थकों के साथ किया धरना प्रदर्शन

देवरिया, 27 मई (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के देवरिया जनपद में रुद्रपुर कोतवाली क्षेत्र में रुद्रपुर-पिड़रा मार्ग पर मझने नाले के समीप नगर पंचायत द्वारा डंप किए गए कूड़े के ढेर में लगी आग बुधवार को एक बड़े हादसे का कारण बन गई। आग और धुएं की चपेट में आने से बाइक सवार एक ही परिवार के तीन लोग गंभीर रूप से झुलस गए, जबकि उनकी मोटरसाइकिल पूरी तरह जलकर खाक हो गई। हादसे के बाद करीब दो घंटे तक मार्ग पर आवागमन बाधित रहा । मौके पर अफरातफरी का माहौल बना रहा।

खुखुंदू थाना क्षेत्र के सेरवा बभनौली निवासी 65 वर्षीय हरिलाल अपने पुत्र अजय और पुत्री सरिता के साथ मोटरसाइकिल से रुद्रपुर कोतवाली क्षेत्र के श्रीनगर कोल्हुआ गांव जा रहे थे। जैसे ही वे पिड़रा पुल के पास पहुंचे, सड़क किनारे डंप किए गए कूड़े के ढेर से उठ रही आग और घने धुएं की चपेट में आ गए। मोटरसाइकिल आग की गिरफ्त में आ गई। हादसे में तीनों लोग झुलस गए, जबकि बाइक धू-धू कर जलने लगी।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को 108 एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रुद्रपुर भेजा गया, जहां उनका उपचार चल रहा है। आग बुझाने के लिए नगर पंचायत का वाटर टैंकर और फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियों को लगाया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका।

मौके पर पहुंचे एसडीएम अवधेश निगम और नायब तहसीलदार अनिल तिवारी ने राजस्व कर्मियों के साथ स्थिति का जायजा लिया। एसडीएम ने नगर पंचायत को तत्काल मिट्टी गिराकर क्षेत्र समतल कराने और भविष्य में कूड़ा केवल एमआरएफ सेंटर पर डंप करने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अन्य स्थानों पर कूड़ा फेंके जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। बाद में एसडीएम ने अस्पताल पहुंचकर घायलों का हालचाल भी जाना।

घटना के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। पूर्व विधायक अनुग्रह नारायण उर्फ खोखा सिंह, प्रतिनिधि हरेंद्र सिंह त्यागी और आरटीआई कार्यकर्ता शब्बीर अहमद समेत कई लोग मौके पर धरने पर बैठ गए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।

प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि एमआरएफ सेंटर बनने के बावजूद सड़क किनारे कूड़ा डंप किया जा रहा है, जिससे लगातार हादसे हो रहे हैं।

पूर्व विधायक ने कहा कि यह तीसरी बड़ी घटना है। इससे पहले भी इसी स्थान पर आग की चपेट में आकर दो बाइक सवार झुलस चुके हैं, जबकि कुछ दिन पूर्व पराली में लगी आग से एक व्यक्ति की जिंदा जलकर मौत हो गई थी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया गया तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।

हिन्दुस्थान समाचार / ज्योति पाठक