युवाओं को भरपूर अवसर देने का तैयार हुआ ईको सिस्टम : मुख्यमंत्री योगी
गोरखपुर, 28 अगस्त (हि.स.)। गोरक्षपीठाधीश्वर, मुख्यमंत्री एवं महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय गोरखपुर के कुलाधिपति योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हर युवा को उसकी योग्यता, रुचि और क्षमता के अनुरूप सीखने, अवसर पाने, उद्यम करने और आगे बढ़ने का भरपूर अवसर उपलब्ध कराने के लिए डबल इंजन सरकार ने प्रदेश में एक मजबूत ईको सिस्टम तैयार किया है। सरकार की तरफ से यूपी में पिछले नौ वर्षों में शिक्षा और कौशल से लेकर इंफ्रास्ट्रक्चर, निवेश, स्टार्टअप, एमएसएमई और इंडस्ट्री तक एक ऐसा व्यापक ईको सिस्टम विकसित किया गया है जो युवाओं की क्षमता को अवसर, अवसर को रोजगार और रोजगार को आर्थिक समृद्धि में बदलने में सहायक हो सकता है।
मुख्यमंत्री योगी शुक्रवार को महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय गोरखपुर (एमजीयूजी) के पांचवें स्थापना दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। विश्वविद्यालय के प्रेक्षागृह में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि आज युवाओं के सामने आगे बढ़ने के अवसर केवल सरकारी नौकरी तक सीमित नहीं है। उनके लिए एजुकेशन (शिक्षा), स्किल डेवलपमेंट (कौशल विकास), इंटरप्रेन्योरशिप (उद्यमिता), स्टार्टअप, एमएसएमई, इंडस्ट्री, डिजिटल इकोनॉमी और रिसर्च एंड इनोवेशन (अनुसंधान एवं नवाचार) जैसे अनेक अवसर हैं। सरकार का प्रयास है कि युवा को सीखने, प्रयोग करने, उद्यम शुरू करने और आगे बढ़ने का एक बेहतरीन वातावरण प्राप्त हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के पास पोटेंशियल की कोई कमी नहीं है। हमारे पास विशाल युवा शक्ति, कृषि शक्ति, उद्यमिता, प्राकृतिक संसाधन और समृद्ध ज्ञान परंपरा है। आवश्यकता इन सभी को एक दिशा, एक ईको सिस्टम और नए अवसर से जोड़ने की है। पिछले नौ वर्षों में प्रदेश ने इसी दिशा में बदलाव की एक मजबूत नींव तैयार की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर ने कनेक्टिविटी बढ़ाई है। बेहतर कनेक्टिविटी ने निवेश के बेहतरीन अवसर उपलब्ध करवाए हैं। निवेश ने इंडस्ट्री और रोजगार के अवसर बढ़ाए हैं। डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर ने अवसरों को प्रदेश के अधिक से अधिक युवाओं तक पहुंचाने की क्षमता भी दी है। एमएसएमई और ओडीओपी के माध्यम से स्थानीय उत्पादों, स्थानीय कारीगरों और हस्तशिल्पियों को बेहतरीन प्लेटफार्म प्राप्त हुआ है। इसी तरह स्टार्टअप ईको सिस्टम ने युवाओं को नौकरी खोजने से आगे बढ़कर नए समाधान और नए उद्यम खड़े करने के अवसर दिए हैं।
केवल डिग्री तक सीमित न रहे शिक्षा की यात्रा
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी शिक्षा की यात्रा केवल डिग्री तक सीमित नहीं होनी चाहिए। शिक्षा का उद्देश्य ऐसे सक्षम युवा तैयार करना है जो अपने ज्ञान और कौशल से अवसर पैदा कर सकें। अवसर को रोजगार में और रोजगार को प्रगति में बदल सकें। विद्यार्थी केवल परीक्षा पास करने के लिए नहीं, रियल वर्ल्ड की समस्याओं को समझने और उसके समाधान निकालने के लिए एक माध्यम बनें। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि शिक्षा ऐसी हो जो कक्षा के ज्ञान को समाज की जरूरतों और इंडस्ट्री की आवश्यकता से जोड़ सके। विद्यार्थी खुद में जॉब क्रिएटर के साथ-साथ इनोवेटर, इंटरप्रेन्योर बनने की क्षमता भी पैदा कर सकें। आज की शिक्षा व्यवस्था एजुकेशन से स्किल, स्किल से कैपेबिलिटी, कैपेबिलिटी से अपॉर्चुनिटी, अपॉर्चुनिटी से इनोवेशन, इनोवेशन से इंटरप्रेन्योरशिप, इंटरप्रेन्योरशिप से एंप्लॉयमेंट, एंप्लॉयमेंट से इकोनॉमिक ग्रोथ की यात्रा होनी चाहिए। और, हमें इसे आगे बढ़ाना होगा।
शिक्षा का प्रसार और समाज का उत्थान गोरक्षपीठ का संकल्प : कुलपति
स्थापना दिवस समारोह में मुख्यमंत्री एवं अन्य अभ्यागतों का स्वागत करते हुए एमजीयूजी के कुलपति लेफ्टिनेंट जनरल डॉ. भूपेश कुमार गोयल ने कहा कि युगों-युगों से गोरक्षपीठ मूल्यों के प्रति प्रतिबद्ध रहा है। शिक्षा का प्रसार और समाज का उत्थान गोरक्षपीठ का संकल्प रहा है। इसी संकल्प को सिद्ध करने के लिए 1932 में महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद की स्थापना हुई। इसके बाद दीप से दीप जलते गए, एक के बाद एक शिक्षण संस्थान खुलते गए। सेवा के संकल्प को विराट रूप देने के क्रम में गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ जी ने महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय की स्थापना की। उन्होंने कहा कि गोरक्षपीठ के राष्ट्रीयतापरक आदर्शों के अनुरूप इस विश्वविद्यालय की परिसर संस्कृति अन्य विश्वविद्यालयों से अलग है। स्थापना के पांच वर्ष में ही यहां पाठयक्रम की संख्या 12 से बढ़कर 53 हो गई है।
इस अवसर पर सांसद रविकिशन शुक्ल, विधायक महेंद्रपाल सिंह, भारत सरकार के पूर्व औषधि महानियंत्रक एवं वर्तमान में यूपी सरकार के सलाहकार डॉ. जीएन सिंह, यूपी सरकार के सलाहकार अवनीश अवस्थी, विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. वी.एन. राजशेखरन पिल्लई, हेल्थ यूनिवर्सिटी पश्चिम बंगाल के पूर्व कुलपति डॉ. भवतोष विश्वास, कैलिफोर्निया (अमेरिका) के हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. विजय तिवारी, मां विंध्यवासिनी विश्वविद्यालय मीरजापुर की कुलपति प्रो. शोभा गौड़, श्री गोरक्षनाथ मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर की प्राचार्य डॉ. वर्षा एम., एमजीयूजी के पूर्व कुलपति मेजर जनरल डॉ. अतुल वाजपेयी, कुलसचिव डॉ. प्रदीप कुमार राव सहित कई जनप्रतिनिधि, गणमान्यजन, शिक्षक और बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की सहभागिता रही। आभार ज्ञापन नर्सिंग कॉलेज की प्राचार्य डॉ. डी.एस. अजीथा ने किया।
दो पुस्तकों का हुआ विमोचन
पांचवें स्थापना दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विश्वविद्यालय की तरफ से प्रकाशित, अंग्रेजी प्रवक्ता डॉ. अनुकृति राज की पुस्तक ‘नेशन एंड एक्सप्रेशन’ एवं ‘अमृतकाल और राष्ट्रवाद’ का विमोचन किया। इसके साथ ही समारोह में सीएम योगी ने शैक्षणिक उत्कृष्टता, शोध कार्य, खेल और सांस्कृतिक गतिविधियों में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों पुरस्कृत करने के साथ उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों, कार्मिकों को सम्मानित किया।
हिन्दुस्थान समाचार / प्रिंस पाण्डेय