स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के 'गौ गर्जना अक्षौहिणी संकल्प' का स्वरूप बदला, अब हर विधानसभा में होगा आयोजन
लखनऊ, 23 जुलाई (हि.स.)। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के आह्वान पर 24 जुलाई को प्रस्तावित 'गौ गर्जना अक्षौहिणी संकल्प' कार्यक्रम का स्वरूप बदल दिया गया है। आयोजन समिति ने लखनऊ प्रशासन पर असहयोग का आरोप लगाते हुए घोषणा की है कि अब लखनऊ में एक स्थान पर कार्यक्रम करने के बजाय प्रदेश के प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में दोपहर 12 बजे स्थानीय स्तर पर आयोजन किया जाएगा।
दरअसल, कांशीराम स्मृति उपवन में कार्यक्रम के लिए समय से आवेदन किया गया था और 25 जून को 4.64 लाख रुपये से अधिक का शुल्क भी जमा कर दिया गया था। इसके बावजूद प्रशासन ने अंतिम समय तक अनुमति को लेकर स्पष्ट स्थिति नहीं बताई, जिससे देशभर से आने वाले गौभक्तों और आयोजन की तैयारियों पर असमंजस की स्थिति बनी रही।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया है। साथ ही कार्यक्रम को डिजिटल स्वरूप देने का निर्णय लिया गया है। अब सभी विधानसभा क्षेत्रों में गोमाता के चित्र या प्रतिमा के समक्ष पूजन के बाद स्थानीय स्तर पर कार्यक्रम होंगे और दोपहर एक से दो बजे के बीच स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के प्रवचन का सामूहिक प्रसारण किया जाएगा। इसके बाद गौ संरक्षण का संकल्प लिया जाएगा।
आरोप है कि पिछली 'शंखनाद सभा' की तरह इस बार भी अंतिम समय तक संशय की स्थिति बनाई गई। समिति का यह भी दावा है कि कई आयोजकों और प्रतिनिधियों को हाउस अरेस्ट किया गया है। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने देशभर के गौभक्तों से लखनऊ नहीं आने तथा अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ .राजेश