गैंगस्टर एक्ट के दो दोषियों को तीन वर्ष नौ माह की सजा

 

औरैया, 25 अगस्त (हि. स.)। उत्तर प्रदेश के औरैया जनपद में विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट विनय प्रकाश सिंह ने अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के गांव विलवा निवासी दोषियों का जुर्म इकबाल प्रार्थना पत्र स्वीकार कर गैंगस्टर मामले में तीन वर्ष नौ माह के सश्रम कारावास की सजा से दंडित किया है। कोर्ट ने दोषियों पर पांच-पांच हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। दोनों अभियुक्तगण सुनाई गई सजा अवधि जेल में काट चुके हैं। इसलिए उनकी रिहाई की स्थिति बन गई है।

उक्त मामले की अभियोजन पक्ष से पैरवी कर रहे एडीजीसी अरविंद राजपूत ने बताया कि अजीतमल कोतवाली पुलिस ने विलावा निवासी बबलू धोबी व महेंद्र सिंह को वर्ष 2010 में गैंगस्टर के मामले में जेल में निरुद्ध किया था। बबलू धोबी इस मामले में 16 जून 2010 से 29 सितंबर 2014 तक जिला कारागार इटावा में निरुद्ध रहा है तथा अभियुक्त महेंद्र सिंह 16 जून 2010 से 19 मार्च 2014 तक इटावा जेल में निरुद्ध रहा। यानि बबलू लगभग चार साल तीन माह व महेंद्र सिंह लगभग तीन वर्ष नौ माह का कारावास जेल में काट चुका है। दोनों अभियुक्तों ने न्यायालय में जुर्म इकबाल प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया और लिखा कि वह गरीब व्यक्ति है। वे अपना वाद चलाने में असमर्थ हैं । अतः जेल में बिताई गई अवधि से दंडित कर मामला समाप्त करने की कृपा करें। इन दोनों के प्रार्थना पत्रों को न्यायालय ने स्वीकार किया व दोनों को तीन वर्ष नौ माह के कठोर कारावास व पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा न करने पर एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना पड़ेगा। उक्त सजा में जेल में बिताई गई अवधि में समायोजित की जाएगी। इस निर्णय से दोनों अभियुक्तों की रिहाई व मामला निस्तारित होने की स्थिति बन गई है।

हिन्दुस्थान समाचार / सुनील कुमार