औरया : मारपीट के दोषी दो भाइयों को तीन साल की सजा
औरया, 27 अगस्त (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के औरैया जनपद में विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट विकास गोस्वामी ने बेला थाना क्षेत्र के ग्राम झवरा में अनुसूचित जाति के वादी व उसके पांच साथियों को जातिसूचक गलियां देकर मारपीट मामले में दाेषियाें काे सजा सुनाई है। काेर्ट ने गुरुवार काे मामले के दोषी सगे भाईयाें काे तीन वर्ष के कठोर कारावास व 16 हजार रुपये अर्थदण्ड की सजा से दण्डित किया है।
उक्त मामले की अभियोजन पक्ष से पैरवी कर रहे एडीजीसी उमेश राजपूत ने बताया कि थाना वेला में 'ग्राम झबरा निवासी शीलू कुमार दोहरे ने मारपीट व एससी-एसटी एक्ट का मामला दर्ज कराया गया था। वादी ने तहरीर में बताया था कि 30 अक्टूबर 2016 की रात करीब आठ बजे गांव निवासी सरनाम सिंह पुत्र रामसेवक यादव ने शराब के नशे में अभद्रता की व मना करने पर वादी व उसके परिजनों को जातिसूचक गालियां देते हुए 'लाठी, डंडा व पत्थर से मारपीट की। इस मारपीट
में छह लोग चाेटिल हाे गए। पुलिस ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना की और रामसेवक के दो बेटे सरनाम सिंह व राघवेंद्र सिंह के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। यह मुकदमा एडीजे विकास गोस्वामी के समक्ष चला तथा गुरुवार को इस मामले का फैसला सुनाया गया।
अभियोजन के एडीजीसी उमेश राजपूत ने बताया कि दोषियों को कठोर दंड देने की बहस की गई। वहीं बचाव पक्ष ने उन्हें निर्दोष बताया। दोनों पक्षकारों को सुनने के बाद एडीजे विकास गोस्वामी ने ग्राम झवरा (बेला) निवासी दोनों भाई सरनाम सिंह व राघवेंद्र सिंह को तीन वर्ष के कठोर कारावास सजा सुनाई। काेर्ट ने दाेनाें पर 16-16 हजार रुपये का अर्थदण्ड भी लगाया है। दाेषियाें की सजा में कारागार में बिताई अवधि समायोजित की जायेगी।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / सुनील कुमार