उमानाथ सिंह राजनीति में शुचिता के पर्याय थे: रविंद्र जायसवाल

 




जौनपुर, 13 सितंबर (हि.स.)। पूर्व मंत्री एवं अमर शहीद उमानाथ सिंह राजनीति में शुचिता, सहजता, सरलता और मृदुभाषिता के प्रतीक थे। उन्होंने सत्ता की राजनीति के बजाय पं. दीनदयाल उपाध्याय की विचारधारा को चुना और समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान के लिए संघर्ष किया। सत्ता द्वारा प्रायोजित अत्याचारों का विरोध करते हुए उन्होंने अपने प्राणों का बलिदान दिया। उक्त बातें प्रदेश के स्टांप एवं न्यायालय शुल्क तथा पंजीकरण (स्वतंत्र प्रभार) राज्य मंत्री रविंद्र जायसवाल ने रविवार को यूपी के जौनपुर में तिलकधारी महाविद्यालय के बलरामपुर सभागार में आयोजित श्रद्धांजलि समारोह में कहीं।उमानाथ सिंह स्मृति सेवा संस्थान की ओर से आयोजित समारोह में मुख्य अतिथि रविंद्र जायसवाल ने कहा कि जिस दौर में पूरे देश में कांग्रेस का प्रभाव था, उस समय उमानाथ सिंह ने राजनीति में कदम रखा। यदि उनका लक्ष्य सत्ता प्राप्त करना होता तो वह कांग्रेस का दामन थाम सकते थे, लेकिन उन्होंने पं. दीनदयाल उपाध्याय की विचारधारा को अपनाया, जो समाज के अंतिम व्यक्ति तक मूलभूत सुविधाएं पहुंचाने पर केंद्रित थी। उन्होंने कहा कि उमानाथ सिंह ने पूर्वांचल की राजनीति को नई दिशा दी।विशिष्ट अतिथि विधायक रमेश मिश्रा ने विभिन्न संस्मरणों के माध्यम से उमानाथ सिंह के शील, संयम और अनुशासनप्रियता को याद किया। समारोह की अध्यक्षता कर रहे पूर्व एमएलसी केदारनाथ सिंह ने कहा कि उमानाथ सिंह व्यापारियों की समस्याओं के लिए हमेशा संघर्षरत रहे और इसी संघर्ष में शहीद हो गए। उनके विकास कार्यों को आज भी लोग याद करते हैं।खेल एवं युवा कल्याण (स्वतंत्र प्रभार) राज्य मंत्री गिरीश चंद्र यादव ने कहा कि प्रदेश के जिस भी हिस्से में जाते हैं, लोग जौनपुर का होने के कारण उनसे उमानाथ सिंह के बारे में पूछते हैं। इससे उनके विराट व्यक्तित्व और लोकप्रियता का सहज अनुमान लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि जौनपुर शहर में आज करीब 20 हजार लोगों को सरकार की ओर से आवास की सुविधा मिली है। उमानाथ सिंह के विकास कार्यों को आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।समारोह में पूर्व विधायक सुरेंद्र प्रताप सिंह, प्रो. आरएन त्रिपाठी, वशिष्ठ नारायण सिंह, भाजपा नेता अरविंद सिंह, कवि सभाजीत द्विवेदी ‘प्रखर’, राज बहादुर सिंह, हरिओम त्रिपाठी, प्रो. आरपी ओझा सहित अन्य लोगों ने विचार व्यक्त किए। अतिथियों का पुष्पगुच्छ, स्मृति चिह्न और अंगवस्त्र देकर सम्मान किया गया।इस अवसर पर भाजपा मछलीशहर जिलाध्यक्ष अजय कुमार सिंह, भाजपा जौनपुर सदर जिलाध्यक्ष अजीत प्रजापति, महाविद्यालय प्रबंधक राघवेंद्र प्रताप सिंह, देवेंद्र प्रताप सिंह, शिवेंद्र प्रताप सिंह, धर्मेंद्र प्रताप सिंह, प्राचार्य डॉ. रामआसरे सिंह, पूर्व प्राचार्य डॉ. विनोद सिंह, दुश्यंत सिंह, , डॉ. अजय दूबे, डॉ. राजदेव दूबे, प्रो. विजय सिंह, हिमांशु सिंह, डॉ. हरिओम त्रिपाठी, जिला सहकारी बैंक के महाप्रबंधक विजेंद्र सिंह, और राकेश तिवारी आदि मौजूद रहे। आगंतुकों का अभिवादन महाविद्यालय प्रबंधक राघवेंद्र प्रताप सिंह, संचालन पूर्व प्राचार्य डॉ. समर बहादुर सिंह तथा आभार पूर्व सांसद केपी सिंह ने व्यक्त किया।

हिन्दुस्थान समाचार / विश्व प्रकाश श्रीवास्तव