सिद्धनाथ मंदिर और घाट को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा : नगर आयुक्त

 


कानपुर, 31 जुलाई (हि.स.)। जाजमऊ स्थित सिद्धनाथ मंदिर और घाट को श्रद्धालुओं की सुविधाओं के अनुरूप पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा। सावन माह में साफ-सफाई, सुरक्षा और सभी मूलभूत व्यवस्थाएं उच्च स्तर की सुनिश्चित की जाएंगी। यह बातें शुक्रवार को निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने कहीं।

सावन पर्व के दृष्टिगत नगर आयुक्त ने आज सिद्धनाथ मंदिर, सिद्धनाथ घाट, खेरेपति मंदिर और परमट मंदिर का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्यों में तेजी लाने, साफ-सफाई, जल निकासी, बैरीकेडिंग, चेंजिंग रूम, अतिक्रमण हटाने और श्रद्धालुओं की सुविधाओं से जुड़े आवश्यक निर्देश अधिकारियों को दिए।

सिद्धनाथ घाट पर मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत करीब दस करोड़ ब्यालिश लाख रुपये की लागत से चल रहे कॉरिडोर फेज-दाे के निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए नगर आयुक्त ने तय समय सीमा में गुणवत्ता के साथ कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। परियोजना के तहत सड़क, आरती स्थल और घाट की सीढ़ियों का निर्माण कराया जा रहा है, जिससे सिद्धनाथ मंदिर और घाट को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा सके।

निरीक्षण के दौरान मंदिर परिसर में चढ़ने वाले फूलों के निस्तारण के लिए मैटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (एमआरएफ) स्थापित करने, मार्गों की मरम्मत, जलभराव की रोकथाम और नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए घाट पर बैरीकेडिंग और चेंजिंग रूम बनाने को कहा गया।

नगर आयुक्त ने सिद्धनाथ श्मशान घाट स्थित विद्युत शवदाह गृह का भी निरीक्षण किया। छह माह पूर्व निर्माण पूरा होने के बावजूद संचालन शुरू न होने पर उन्होंने तीन दिन के भीतर कारण स्पष्ट करने और लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।

इसके अलावा खेरेपति मंदिर में नाग पंचमी और सावन को देखते हुए विशेष सफाई, पैच मरम्मत और अतिक्रमण हटाने तथा परमट मंदिर परिसर में आवारा पशुओं को पकड़ने, क्षतिग्रस्त नाली जालियों को बदलने और पूरे सावन माह 24 घंटे स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।-----------------

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप