ग्राम संगठनों का होगा विस्तार, महिला सशक्तिकरण को मिलेगी नई गति
लखनऊ, 06 अगस्त (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देश पर उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक, सामाजिक एवं संस्थागत सशक्तिकरण को नई गति देने के उद्देश्य से प्रदेश में ग्राम संगठनों की संख्या 65,460 से बढ़ाकर 75460 किये जाने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है। इस संबंध में ग्राम्य विकास विभाग के अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने गुरूवार को जारी बयान में कहा कि डबल इंजन सरकार ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर, स्वावलंबी और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए निरंतर प्रभावी कदम उठा रही है। स्वयं सहायता समूहों का सुदृढ़ नेटवर्क ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था की वास्तविक शक्ति है और ग्राम संगठनों का विस्तार इस दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगा।
उन्होंने कहा कि ग्राम संगठनों की संख्या में वृद्धि होने से अधिक से अधिक स्वयं सहायता समूहों को संगठित ढांचे से जोड़ा जा सकेगा। इससे समूहों को समयबद्ध मार्गदर्शन, क्षमता संवर्धन, वित्तीय समावेशन, बैंकिंग सेवाओं तक बेहतर पहुंच तथा विभिन्न आजीविका गतिविधियों का अधिक प्रभावी लाभ प्राप्त होगा। साथ ही ग्राम संगठनों की संस्थागत क्षमता और कार्यकुशलता में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी।
श्री मौर्य ने कहा कि प्रदेश में तीन करोड़ परिवारों की महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ने का व्यापक अभियान संचालित किया जा रहा है। इस लक्ष्य को और अधिक गति देने के लिए मिशन स्तर से सभी जनपदों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जा रहे हैं।
उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के मिशन निदेशक अरुण कुमार ने कहा कि ग्राम संगठनों की संख्या में वृद्धि प्रदेश में मजबूत, आत्मनिर्भर एवं प्रभावी सामुदायिक संस्थाओं के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इससे स्वयं सहायता समूहों को बेहतर संस्थागत सहयोग मिलेगा तथा ग्रामीण विकास और महिला सशक्तिकरण के लक्ष्यों को और अधिक प्रभावी ढंग से प्राप्त किया जा सकेगा।
-----------------
हिन्दुस्थान समाचार / बृजनंदन