जौनपुर में पेंशनर्स ने धरना देकर केंद्र सरकार की नीतियों का किया विरोध
जौनपुर, 29 सितंबर (हि.स.)। यूपी के जौनपुर में सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के आह्वान पर मंगलवार को कलेक्ट्रेट परिसर में पेंशनर्स ने धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के माध्यम से केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करते हुए 12 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम सिटी मजिस्ट्रेट महिपाल सिंह को सौंपा गया।
संगठन के जिलाध्यक्ष सीबी सिंह की अध्यक्षता में हुई सभा का संचालन जिला मंत्री कृपाशंकर उपाध्याय ने किया। जिलाध्यक्ष ने कहा कि आठवें वेतन आयोग के टर्म्स ऑफ रेफरेंस में जनवरी 2026 से पहले सेवानिवृत्त पेंशनर्स को शामिल नहीं किए जाने से पेंशनर्स में रोष है। उन्होंने कहा कि सरकार को तिथि के आधार पर पेंशनर्स के बीच किए जा रहे विभेद को समाप्त कर पुराने पेंशनर्स को भी आठवें वेतन आयोग के दायरे में लाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार की इस नीति के खिलाफ पेंशनर्स को संगठन के आह्वान पर बड़े संघर्ष के लिए तैयार रहना होगा। सभा में 12 सूत्रीय मांगों का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया।
प्रमुख मांगों में पुराने पेंशनर्स को आठवें वेतन आयोग में शामिल करने, वेतन आयोग की प्रक्रिया में विलंब होने की स्थिति में अंतरिम राहत देने, कर्मचारियों, पेंशनर्स और शिक्षकों के लिए अलग सीपीआई लागू करने, 65 वर्ष की आयु पूरी होने पर प्रत्येक पांच वर्ष में पांच प्रतिशत पेंशन वृद्धि करने तथा महंगाई भत्ता 50 प्रतिशत से अधिक होने पर उसे मूल पेंशन में मर्ज करने की मांग शामिल रही।
जिलाधिकारी के प्रतिनिधि नगर मजिस्ट्रेट महिपाल सिंह ने धरना स्थल पर पहुंचकर ज्ञापन प्राप्त किया और उसे प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री तक भेजने का आश्वासन दिया। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के पूर्व अध्यक्ष एवं संरक्षक राकेश कुमार श्रीवास्तव ने भी मांगों के शीघ्र निस्तारण की मांग की। सभा में कृष्ण कुमार त्रिपाठी, प्रमोद कुमार सिंह, दसरथ राम, चंद्रशेखर सिंह, रामकृष्ण यादव सहित बड़ी संख्या में पेंशनर्स मौजूद रहे।---------------
हिन्दुस्थान समाचार / विश्व प्रकाश श्रीवास्तव