अखिलेश की रथयात्रा पर भाजपा का तंज, रथ से नहीं निकलेगा कोई अर्थ

 


लखनऊ, 24 सितंबर (हि.स.)। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की रायबरेली की रथ यात्रा पर भारतीय जनता पार्टी ने तंज कसा है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने गुरूवार को कहा कि 'रथ से नहीं निकलेगा कोई अर्थ 'बहरुपिया' का नया रूप है व्यर्थ'। जन-जन से लेकर निजी एजेंसियों के सर्वे तक कह रहे है कि तीसरी बार बनेगी भाजपा सरकार। भाजपा ने सोशल मीडिया पर पीडीए के रथ का एक वीडियो भी डाला है। इस बस में सपा के परिवार वालों को ही अखिलेश के साथ बैठे दिखाया गया है। भाजपा ने लिखा नाम पीडीए का और काम केवल 'परिवार डेवलपमेंट अथॉरिटी'।

अखिलेश यादव ने कहा है कि लगातार इसी तरह से पीडीए रथ चलता रहेगा, जहां पीड़ा होगी वहां रथ जाएगा। गठबंधन बहुत मजबूत है, हमारा लक्ष्य बीजेपी को हराना है। अगली यात्रा पीडीए की बहुत जल्द होगी। यह 24 में हारे हैं, 27 में इनका सफाया हो जाएगा।

इस पर उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा कि टोपी लाल,रथ भी लाल,पर अंदर से है वही 'पुराना हाल'। सपाई साइकिल का 2027 में होने वाला है बुरा हाल।

वहीं भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश प्रवक्ता राकेश त्रिपाठी ने सपा की रथ यात्रा को कांग्रेस को उसकी 'हैसियत' दिखाने की कोशिश करार दिया है।

राकेश त्रिपाठी ने कहा कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव जानबूझकर अपनी यात्रा की शुरुआत रायबरेली से कर रहे हैं, जहां से राहुल गांधी सांसद हैं। उन्होंने दावा किया कि सपा वहां अपना शक्ति प्रदर्शन कर कांग्रेस को उसकी जमीनी हकीकत और हैसियत दिखाना चाहती है।

भाजपा प्रवक्ता कांग्रेस को नसीहत देते हुए कहा कि यदि उनमें हिम्मत है, तो अपने चुनाव प्रचार अभियान की शुरुआत वह भी अखिलेश यादव के गढ़ यानी कन्नौज और मैनपुरी से करें। भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि सपा मुखिया अब अपनी पारंपरिक साइकिल छोड़कर रथ पर सवार हो गए हैं, जो उनकी बदलती राजनीति को दर्शाता है।

हिन्दुस्थान समाचार / बृजनंदन