विहिप स्थापना दिवस पर सामाजिक एकता और संस्कारों पर जोर

 


मीरजापुर, 10 सितंबर (हि.स.)। नगर के गुरु कृपा मंडपम, धुंधी कटरा में गुरुवार को विश्व हिंदू परिषद का स्थापना दिवस मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ चक्रधारी श्रीकृष्ण और राम दरबार के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। वक्ताओं ने हिंदू समाज को संगठित करने, सामाजिक समरसता बढ़ाने और नई पीढ़ी को संस्कारित करने पर जोर दिया।

मुख्य अतिथि विहिप के प्रांत उपाध्यक्ष विद्याभूषण ने बताया कि विश्व हिंदू परिषद की स्थापना 29 अगस्त 1964 को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के दिन मुंबई के सांदीपनि साधनालय में हुई थी। उन्होंने स्थापना की पृष्ठभूमि पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इसमें दादासाहब आप्टे की महत्वपूर्ण भूमिका रही। दादासाहब आप्टे ही हिन्दुस्थान समाचार एजेंसी के संस्थापक भी थे।

विशिष्ट अतिथि जीडी बिन्नानी पीजी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अशोक सिंह ने हिंदू समाज को संगठित और जागृत करने तथा जीवन मूल्यों के संरक्षण की आवश्यकता बताई। विभाग मंत्री रामचंद्र शुक्ल ने प्रयागराज में हुए प्रथम विश्व हिंदू सम्मेलन और उडुपी धर्म संसद के माध्यम से सामाजिक समरसता के प्रयासों की जानकारी दी।

प्रांत सत्संग प्रमुख महेश तिवारी ने विहिप के विभिन्न आंदोलनों और सेवा कार्यों का उल्लेख किया। जिलाध्यक्ष हरिशंकर मिश्र ने कहा कि बच्चों में संस्कार विकसित करने के लिए प्रत्येक घर में साप्ताहिक सत्संग और परिवार के साथ भोजन की परंपरा को बढ़ावा देना चाहिए।

अध्यक्षता नगर अध्यक्ष राज माहेश्वरी और संचालन नगर मंत्री बृजेश गुप्ता ने किया। इस दौरान प्रवीण, अभय मिश्र, अरविंद सारस्वत, अशोक दुबे, मनोज जायसवाल, अशुकांत चुनाहे, लक्ष्मीकांत पांडेय, पंकज टंडन, चंद्रप्रकाश, दीपा उमर, शिखा अग्रवाल समेत बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा