सुलतानपुर में आकाशीय बिजली गिरने से दाे की मौत, बच्चों समेत आठ लोग झुलसे
सुलतानपुर, 01 जुलाई (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के जिला सुलतानपुर में बुधवार को मानसून की शुरुआत के साथ ही आकाशीय बिजली गिरने से दो लोगों की मौत हो गई। इस दौरान धान की रोपाई कर रहे आठ अन्य लोग झुलस गए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
बंधुआकला थाना क्षेत्र के धारूपुर गांव में धान की रोपाई के दौरान पियारी देवी (65) की मौके पर ही मौत हो गई। बारिश के दौरान आम के पेड़ के नीचे खड़े आठ अन्य ग्रामीण भी आकाशीय बिजली की चपेट में आ गए। घायलों में जय सिंह (40), चांदनी (08), मुस्कान (06), जान्हवी (04), छत्रपाल (35), आदित्य (14), उदयराज (65) और प्रानदेई (62) शामिल हैं।
सभी घायलों को तत्काल सीएचसी कुड़वार ले जाया गया। चिकित्सकों ने उदयराज, जय सिंह, छत्रपाल और प्रानदेई की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया है।
बंधुआकला थानाध्यक्ष प्रमोद कुमार ने बताया कि शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और विधिक कार्रवाई की जा रही है। एसडीएम उत्तम तिवारी ने मृतक पियारी देवी के परिजनों को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से आर्थिक सहायता देने का आश्वासन दिया है।
उधर, मोतिगरपुर थाना क्षेत्र के ककरवारपुर गांव में जगन्नाथ पाल (65) की आकाशीय बिजली गिरने से मौत हो गई। जगन्नाथ अपने घर से लगभग 300 मीटर दूर खेत में भैंस चरा रहे थे, तभी अचानक हुई बारिश के दौरान बिजली की चपेट में आ गए और बुरी तरह झुलस गए। परिजन उन्हें सीएचसी ले जाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। मृतक के तीन बेटे अनिल पाल, सुनील पाल और अरविंद पाल हैं। परिवार प्रधानमंत्री आवास के कमरे में रहता है और भरण-पोषण के लिए एकमात्र भैंस पर निर्भर था।
सूचना मिलने पर चौकी प्रभारी सब बहादुर सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। एसडीएम जयसिंहपुर प्रभात कुमार सिंह ने बताया कि हल्का लेखपाल और नायब तहसीलदार ने घटनास्थल का दौरा किया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पीड़ित परिवार को दैवीय आपदा के तहत 04 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / दयाशंकर गुप्त