शिकायतों के असंतोषजनक फीडबैक पर जिलाधिकारी ने जताई नाराजगी
अधिकारियों को सुधार की हिदायत, कहा- शिकायतकर्ता से स्वयं संवाद कर गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें, लापरवाही पर होगी कार्रवाई
झांसी, 24 अगस्त (हि.स.)। आईजीआरएस पोर्टल, ऑनलाइन शिकायतों और हेल्पलाइन-1076 के माध्यम से प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता और फीडबैक की समीक्षा को लेकर जिलाधिकारी गौरांग राठी ने सोमवार को अधिकारियों के साथ जूम ऐप के माध्यम से बैठक की। इस दौरान विभिन्न निकायों, जल निगम नगरीय एवं ग्रामीण सहित कई विभागों में निस्तारित शिकायतों का फीडबैक असंतोषजनक मिलने पर डीएम ने नाराजगी व्यक्त की और तत्काल सुधार के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि शासन स्तर पर आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण और उसकी गुणवत्ता की लगातार समीक्षा की जा रही है। ऐसे में सभी विभागाध्यक्ष शिकायतकर्ताओं से स्वयं टेलीफोनिक संवाद करने के साथ जरूरत पड़ने पर स्थलीय निरीक्षण कर शिकायत का गुणवत्तापूर्ण एवं संतोषजनक निस्तारण सुनिश्चित करें। विशेष रूप से असंतुष्ट और बार-बार शिकायत करने वाले शिकायतकर्ताओं की समस्याओं का प्राथमिकता से समाधान कराया जाए।
उन्होंने जल निगम नगरीय के लक्ष्य के सापेक्ष असंतोषजनक फीडबैक मिलने पर अधिशासी अभियंता को आड़े हाथ लिया और कार्यप्रणाली में सुधार के निर्देश दिए। डीएम ने स्पष्ट कहा कि जनसामान्य की शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर शिथिलता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में फीडबैक में सुधार नहीं होने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
डीएम ने ईडीएम आकाश रंजन को निर्देश दिए कि सभी विभागीय अधिकारियों को पोर्टल पर शिकायतों के फीडबैक की स्थिति देखने की बिंदुवार जानकारी उपलब्ध कराई जाए, ताकि अधिकारी समय रहते असंतोषजनक फीडबैक का संज्ञान ले सकें।
अपर जिलाधिकारी नमामि गंगे योगेश कुमार ने बताया कि एक से 22 अगस्त तक प्राप्त शिकायतों के निस्तारण और फीडबैक की स्थिति की समीक्षा की गई। बैठक में 62 विभागीय अधिकारी जुड़े। डीएम ने अधिकारियों को संवेदनशीलता के साथ शिकायतों का निस्तारण और फीडबैक दर्ज कराने के निर्देश दिए, जिससे जनपद की रैंकिंग में भी सुधार हो।
हिन्दुस्थान समाचार / महेश पटैरिया