धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग, नवाबाद थाने में दी तहरीर

 


भगवान राम और कृष्ण पर तुलनात्मक प्रवचन में अमर्यादित टिप्पणी करने का आरोप छह लोगों ने की कानूनी कार्रवाई की मांग

झांसी, 03 नवंबर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के झांसी में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के खिलाफ धार्मिक भावनाएं आहत करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराने की मांग उठी है। इस संबंध में छह लोगों ने नवाबाद थाने पहुंचकर शिकायत पत्र सौंपा और शास्त्री के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की।

शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री द्वारा भगवान श्रीकृष्ण और भगवान श्रीराम को लेकर तुलनात्मक प्रवचन करते समय अमर्यादित टिप्पणियां की गईं। इससे सनातन धर्म को मानने वाले लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उनका कहना है कि धार्मिक मंचों से इस तरह की टिप्पणियां किया जाना उचित नहीं है और इससे समाज में गलत संदेश जाता है।

शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया कि धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री पूर्व में भी सनातन धर्म और धार्मिक परंपराओं को लेकर विवादित एवं अमर्यादित शब्दों का प्रयोग करते रहे हैं। शिकायतकर्ताओं ने भगवान श्रीराम के पांच पिता होने की बात कहने, मांग में सिंदूर नहीं लगाने वाली महिला की तुलना खाली प्लॉट से करने तथा करवाचौथ के व्रत को लेकर 'खसम पूजन' जैसे शब्दों का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है।

शिकायतकर्ताओं का कहना है कि धार्मिक आस्था और देवी-देवताओं से जुड़े विषयों पर सार्वजनिक रूप से बोलते समय मर्यादा और जिम्मेदारी का ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने पुलिस से पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कराने तथा नियमानुसार मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करने की मांग की है।

नवाबाद थाने में तहरीर देने वालों में एडवोकेट भानू सहाय, एडवोकेट राजेंद्र शर्मा, एडवोकेट अशोक सक्सेना, एडवोकेट प्रदीप नाथ झा, रघुराज शर्मा और उत्कर्ष साहू शामिल रहे। पुलिस ने तहरीर प्राप्त कर मामले की जांच करने की बात कही है। फिलहाल शिकायत के आधार पर जांच के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट होगी।

बुंदेलखंड माफ नहीं करेगा

इस संबंध में सपा के प्रदेश सचिव महेश कश्यप ने वीडियो में कहा कि बुंदेलखंड की झांसी में आने से पहले उन्हें सौ बार सोचना चाहिए। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम व श्रीकृष्ण पर अभद्र टिप्पणी की है उसके लिए बुंदेलखंड उन्हें कभी माफ नहीं करेगा।

हिन्दुस्थान समाचार / महेश पटैरिया