तालाबों और सरकारी जमीन से हटेंगे अवैध कब्जे : जिलाधिकारी

 


कानपुर, 05 नवंबर (हि.स.)। सरकारी और सार्वजनिक भूमि पर अवैध कब्जे बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। तालाबों को प्राथमिकता के आधार पर अतिक्रमण मुक्त कराया जाए और ग्राम समाज की संपत्तियों का रजिस्टर तैयार कर अनावासीय भूमि चिह्नित की जाए। राजस्व कार्यों में लापरवाही और अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं होगी। यह निर्देश जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने गुरुवार को सरसैया घाट स्थित नवीन सभागार में राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक के दौरान दिए।

जिलाधिकारी ने सभी लेखपालों को ग्राम समाज की संपत्तियों का रजिस्टर तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकारी और सार्वजनिक भूमि पर अवैध कब्जों की पहचान कर नियमानुसार उन्हें हटवाया जाए। तालाबों को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए विशेष प्राथमिकता दी जाए। संबंधित अधिकारी अभियान की नियमित निगरानी करें।

बैठक में ई-ऑफिस व्यवस्था की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों को कार्यालयों में फाइलों का प्रेषण ई-ऑफिस के माध्यम से सुनिश्चित कराने को कहा। उन्होंने राजस्व से जुड़े मामलों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना बीमा योजना के लंबित मामलों पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पात्र लाभार्थियों से जुड़े प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए। किसी भी मामले को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए।

अंश निर्धारण के मामलों में भी तेजी लाने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने दैवीय आपदा से संबंधित प्रकरणों को प्राथमिकता से निस्तारित करने और उप जिलाधिकारियों को अपने स्तर पर लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी राजस्व कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरे किए जाएं।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप