जीसीसी के लिए प्रचुर टैलेंट उपलब्ध कराएगा इन्वेस्ट यूपी व टीमलीज का समझौता
नए जीसीसी के लिए 90 दिन का मुफ्त वर्कफोर्स और एआई एडवाइजरी पैकेज मुहैया कराएगी टीमलीज
नोएडा-ग्रेटर नोएडा से आगे लखनऊ, कानपुर जैसे टियर-2/3 शहरों तक फैलेगा टैलेंट नेटवर्क
लखनऊ/बेंगलुरु, 25 जून (हि.स.)। उत्तर प्रदेश में स्थापित किए जा रहे नए ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (जीसीसी) को कुशल वर्कफोर्स उपलब्ध कराने के लिए 'इन्वेस्ट यूपी' ने टीमलीज ग्रुप के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। बेंगलुरु में गत दिवस “उत्तर प्रदेश ग्लोबल ग्रोथ डायलॉग 2026” आयोजन के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में इन्वेस्ट यूपी के सीईओ विजय किरण आनंद तथा टीमलीज सर्विसेज की एमडी एवं ग्रुप सीईओ सुपर्णा मित्रा व टीमलीज डिजिटल की सीईओ नीति शर्मा ने इस एमओयू पर हस्ताक्षर किए।
यह साझेदारी उत्तर प्रदेश को जीसीसी सेक्टर में निवेश के लिए प्रतिस्पर्धी और भरपूर टैलेंट की उपलब्धता वाला हब बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। अब ग्लोबल कंपनियां पारंपरिक मेट्रो शहरों से आगे बढ़कर नए शहरों में जीसीसी स्थापित कर रही हैं। उभरते जीसीसी शहरों में नौकरियों की वृद्धि 40-45 प्रतिशत है, जबकि मेट्रो हब में यह 19 प्रतिशत ही है। ऐसे में इन्वेस्ट यूपी व टीमलीज का यह समझौता नए जीसीसी के लिए नियुक्तियों में लगने वाला समय कम करेगा और शुरुआती चरण की टैलेंट भर्ती को आसान बनाएगा।
यूपी का जीसीसी विजन 2031
जीसीसी पॉलिसी-2024 के तहत यूपी ने वर्ष 2031 तक 500 ग्लोबल कैपेसिटी सेंटर्स स्थापित करने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए अब नोएडा-ग्रेटर नोएडा से आगे बढ़कर लखनऊ, कानपुर जैसे टियर-2 व टियर-3 शहरों पर फोकस किया जा रहा है। इस साझेदारी के तहत टीमलीज ग्रुप नए जीसीसी के लिए 'स्टार्टर पैकेज' देगा। इसमें किसी भी जीसीसी को सेटअप के लिए 90 दिनों तक वर्कफोर्स और एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) परामर्श निःशुल्क मिलेगा। गौरतलब है कि हर चरण की भर्तियों, इंडक्शन/ऑनबोर्डिंग, एआई/मशीन लर्निंग जैसी विशिष्ट जरूरतों वाली नियुक्तियों, एआई रणनीति व उसके क्रियान्वयन में टीमलीज को विशेषज्ञता हासिल है।
इस असर पर इन्वेस्ट यूपी के सीईओ विजय किरण आनंद ने कहा कि हम यूपी को भारत के अग्रणी जीसीसी डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने की नींव रख रहे हैं। जब कंपनियां पारंपरिक स्थानों से आगे बढ़ रही हैं, तो यह जरूरी है कि टैलेंट के अवसर भी राज्य के उभरते केंद्रों तक पहुंचें। टीमलीज के साथ यह साझेदारी वर्कफोर्स की तैयारी मजबूत करेगी तथा उद्योग व कौशल विकास के संबंधों को नई गति देगी। नए उभरते क्षेत्रों में स्किल्ड मैनपावर से राज्य की विकास यात्रा तेजी से आगे बढ़ेगी।
टीमलीज की एमडी एवं ग्रुप सीईओ सुपर्णा मित्रा ने कहा कि किसी नए जीसीसी का प्रदर्शन इस बात पर निर्भर करता है कि उसे कुशल मैनपावर कितनी जल्दी और कितनी बड़ी संख्या में उपलब्ध होता है। देशभर में 110 से अधिक जीसीसी पार्टनरशिप और यूपी में 1,470 से अधिक सक्रिय जीसीसी कर्मियों के साथ हम योजना स्तर पर ही कंपनियों को स्किल्ड वर्कफोर्स समेत तमाम तकनीकी आवश्यकताओं में मदद देने की स्थिति में हैं। इन्वेस्ट यूपी के साथ यह साझेदारी से यूपी में टैलेंट व स्किलिंग इकोसिस्टम और मजबूत होगा। टीमलीज ग्रुप 4,000 से अधिक नियोक्ताओं को हायरिंग, उत्पादकता और एंड-टू-एंड वर्कफोर्स समाधान उपलब्ध कराती है। कंपनी ने 25 साल में 24 लाख से अधिक पेशेवरों की प्लेसमेंट की है और दुबई व सिंगापुर तक अपनी उपस्थिति दर्ज करा चुकी है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा