किसानों की आय बढ़ाने का प्रभावी माध्यम है पुष्पोत्पादन : कुलपति डॉ. संजीव गुप्ता
कानपुर, 30 जुलाई (हि.स.)। पुष्पोत्पादन किसानों की आय बढ़ाने का सशक्त माध्यम बन सकता है। फूल हमें प्रतिस्पर्धा नहीं, बल्कि समरसता का संदेश देते हैं और यही भावना समाज में भी अपनाई जानी चाहिए। यह बातें गुरुवार को चन्द्रशेखर आज़ाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए) के कुलपति डॉ. संजीव गुप्ता ने कहीं।
सीएसए विश्वविद्यालय, कानपुर के उद्यान महाविद्यालय, सीएसजेएमयू के उन्नत कृषि विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विद्यालय तथा कानपुर फ्लोरीकल्चर सोसायटी के संयुक्त तत्वावधान में सौंदर्यीकरण और लैंडस्केपिंग के लिए सजावटी पौधे विषय पर एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन प्रसार निदेशालय में किया गया। कार्यक्रम में सीएसजेएमयू और सीएसए के लगभग 150 विद्यार्थियों ने भाग लिया।
कार्यक्रम के संयोजक एवं निदेशक प्रसार प्रो. (डॉ.) वी.के. त्रिपाठी ने विभिन्न प्रकार के पॉटिंग मिश्रण, गमलों की तैयारी, पौधों के रखरखाव तथा सजावटी पौधों के वैज्ञानिक प्रबंधन की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सही पॉटिंग तकनीक पौधों की स्वस्थ वृद्धि और आकर्षक सौंदर्य के लिए आवश्यक है।
सीएसजेएमयू के उन्नत कृषि विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विद्यालय के निदेशक डॉ. हिमांशु त्रिवेदी ने लैंडस्केपिंग की आधुनिक अवधारणाओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि परिसर, पार्कों और शहरी क्षेत्रों को हरित एवं आकर्षक बनाने में सजावटी पौधों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने विद्यार्थियों को इस क्षेत्र में रोजगार और उद्यमिता की संभावनाओं से भी अवगत कराया।
कानपुर फ्लोरीकल्चर सोसायटी की सचिव राजश्री डालमिया ने सजावटी पौधों के संरक्षण और घरेलू एवं शहरी बागवानी में उनकी उपयोगिता पर विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि पुष्पोत्पादन और लैंडस्केपिंग पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ स्वरोजगार के भी बेहतर अवसर उपलब्ध कराते हैं। इसके अलावा डॉ. साधना वैश्य, डॉ. साची गुप्ता और डॉ. वाई.सी. गुप्ता ने भी विषय से संबंधित व्याख्यान दिए।
संगोष्ठी में विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों के प्रश्नों के उत्तर दिए और सजावटी पौधों की उन्नत तकनीकों की व्यावहारिक जानकारी साझा की। कार्यक्रम में डॉ. भूपेंद्र कुमार सिंह, डॉ. विनोद प्रकाश, डॉ. पी.के. राठी, डॉ. विजय कुमार कन्नौजिया सहित शिक्षक एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप