दलित समाज की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करें अधिकारी : रमेश चंद्र कुंडे

 


कानपुर, 29 जून (हि.आ.)। अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति समाज के लोगों की शिकायतों पर गंभीरता से कार्रवाई की जाए और प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शी ढंग से पहुंचे। दलित समाज के सम्मान, सुरक्षा और विकास के प्रति सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। यह बातें सोमवार को उत्तर प्रदेश अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति आयोग के सदस्य रमेश चंद्र कुंडे ने सर्किट हाउस में आयोजित समीक्षा बैठक एवं जनसुनवाई के दौरान कहीं।

बैठक में उन्होंने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से अनुसूचित जाति एवं जनजाति समाज से संबंधित कल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की और समयबद्ध क्रियान्वयन के निर्देश दिए। इसके बाद आयोजित जनसुनवाई में अत्याचार, उत्पीड़न, मारपीट, हत्या, दुष्कर्म, भूमि विवाद समेत अन्य मामलों की शिकायतें सुनीं। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को सभी मामलों में निष्पक्ष और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

जनसुनवाई के बाद आयोग के सदस्य ने काकादेव, गूदड़ बस्ती, भगवत घाट और चुन्नीगंज स्थित दलित बस्तियों का औचक जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान कई स्थानों पर गंदगी, जाम सीवर लाइनें, खुले मेनहोल, क्षतिग्रस्त नालियां, खराब खड़ंजे और पेयजल की समस्या मिली। उन्होंने कहा कि जिन सफाई कर्मचारियों के भरोसे पूरा शहर स्वच्छ रहता है, उनकी बस्तियों में मूलभूत सुविधाओं का अभाव चिंताजनक है।

उन्होंने नगर निगम अधिकारियों को एक माह के भीतर सफाई, सीवर, नालियों, खड़ंजों और पेयजल व्यवस्था में सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही चेतावनी दी कि तय समय में सुधार नहीं होने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप