जौनपुर के जिला अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों और जांच सुविधाओं का अभाव, मरीज निजी अस्पतालों पर निर्भर

 






जौनपुर, 24 मई (हि.स.)। यूपी के जौनपुर स्थित अमर शहीद उमानाथ सिंह जिला चिकित्सालय में स्वास्थ्य सुविधाओं की बदहाल स्थिति एक बार फिर चर्चा में है। अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की भारी कमी और आवश्यक जांच सुविधाओं के अभाव के चलते मरीजों को मजबूरन निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है। इससे गरीब और मध्यमवर्गीय मरीजों पर आर्थिक बोझ लगातार बढ़ रहा है।

जिला अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट, अल्ट्रासाउंड विशेषज्ञ, नाक-कान-गला रोग विशेषज्ञ, हृदय रोग विशेषज्ञ, चेस्ट फिजिशियन, बाल रोग विशेषज्ञ, किडनी एवं लीवर रोग विशेषज्ञ जैसे कई महत्वपूर्ण पद लंबे समय से खाली बताए जा रहे हैं। विशेषज्ञ चिकित्सकों की अनुपलब्धता के कारण गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को समय पर समुचित इलाज नहीं मिल पा रहा है।

अस्पताल के पैथोलॉजी विभाग की स्थिति भी चिंताजनक बनी हुई है। कई जरूरी जांचों के लिए आवश्यक किट उपलब्ध नहीं हैं। करीब एक महीने से कुछ महत्वपूर्ण जांच किट खत्म होने के कारण मरीजों की आवश्यक जांचें प्रभावित हो रही हैं। वहीं कई महंगी दवाएं और विशेष चिकित्सा सुविधाएं भी अस्पताल में उपलब्ध नहीं हैं।

इन कमियों के कारण मरीजों को निजी मल्टी-स्पेशलिस्ट अस्पतालों में जाना पड़ता है, जहां इलाज के नाम पर भारी रकम वसूले जाने के आरोप लगते रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जिला अस्पताल में पर्याप्त सुविधाएं और विशेषज्ञ डॉक्टर उपलब्ध हों, तो गरीब मरीजों को राहत मिल सकती है। जनप्रतिनिधियों द्वारा समय-समय पर जिला चिकित्सालय का निरीक्षण किए जाने के बावजूद मूल समस्याओं के समाधान की दिशा में अपेक्षित प्रगति नहीं दिखाई दे रही है। स्वास्थ्य विभाग पर यह भी आरोप लगते रहे हैं कि मरीजों को निजी अस्पतालों में रेफर करने का खेल लगातार जारी है।

अमर शहीद उमानाथ सिंह जिला चिकित्सालय के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ संजय कन्नौजिया ने बताया कि चिकित्सकों की कमी के लिया शासन को पत्र लिखा गया है। जांच की मशीनों को सही कराया जा रहा है दवायें पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं और मरीजों को बेहतर उपचार सुविधा देने के लिय प्रयास किया जा रहा है।

हिन्दुस्थान समाचार / विश्व प्रकाश श्रीवास्तव