अनुपस्थित कर्मचारियों के एक दिन का वेतन राेकने का डीएम ने सीएमओ काे दिए निर्देश
देवरिया, 10 अगस्त (हि.स.)। जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने सोमवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पथरदेवा का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान प्रभारी चिकित्साधिकारी सहित अधिकांश स्वास्थ्यकर्मी अनुपस्थित मिले। इस पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को अनुपस्थित कर्मचारियों का एक दिन का वेतन रोकने और नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े कर्मचारियों की अनुपस्थिति किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों को निर्धारित समय पर अस्पताल में उपस्थित रहकर मरीजों को समय से उपचार उपलब्ध कराना होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही और उदासीनता पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान एक महिला मरीज अस्पताल में मौजूद मिली। उसके एमसीपी कार्ड की जांच में कई विवरण सही ढंग से दर्ज नहीं पाए गए। जिलाधिकारी के निर्देश पर महिला का मौके पर ही हीमोग्लोबिन परीक्षण कराया गया। जांच रिपोर्ट में मिले हीमोग्लोबिन स्तर और एमसीपी कार्ड व एससीबी कार्ड में दर्ज विवरण में काफी अंतर पाया गया। इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित कर्मचारियों के प्रति नाराजगी जताई और अभिलेखों में सही विवरण दर्ज करने तथा व्यवस्थाओं में सुधार के निर्देश दिए।
दवाओं की उपलब्धता की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने फार्मासिस्ट से दवा स्टॉक की जानकारी मांगी। फार्मासिस्ट उपलब्ध दवाओं और स्टॉक का पूरा विवरण प्रस्तुत नहीं कर सके। इस पर भी डीएम ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को दवाओं की उपलब्धता और स्टॉक व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि बार-बार निर्देश दिए जाने के बावजूद स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्थाओं में अपेक्षित सुधार नहीं होना गंभीर विषय है। उन्होंने अस्पताल में मरीजों को बेहतर और समयबद्ध उपचार, पर्याप्त दवाएं, साफ-सफाई तथा अन्य मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्रों की नियमित समीक्षा और औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेगा। किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता मिलने पर संबंधित के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
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हिन्दुस्थान समाचार / ज्योति पाठक