मां महागौरी की आराधना कर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की लोकमंगल की कामना
शारदीय नवरात्र की अष्टमी पर मां महागौरी की उपासना, लोककल्याण की कामना
गोरखपुर, 18 अक्टूबर (हि.स.)। शारदीय नवरात्र की अष्टमी तिथि के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ ने रविवार को गोरखनाथ मंदिर परिसर स्थित श्री दुर्गा मंदिर में मां दुर्गा के आठवें स्वरूप मां महागौरी की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने मां भगवती के चरणों में श्रद्धा निवेदित करते हुए लोकमंगल और जनकल्याण की कामना की। मुख्यमंत्री ने प्रार्थना की कि करुणामयी मां भगवती की कृपा सभी पर बनी रहे और प्रत्येक परिवार सुख, समृद्धि, शांति तथा आरोग्यता से परिपूर्ण हो।
शारदीय नवरात्र में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की उपासना का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व है। नवरात्र की अष्टमी तिथि मां महागौरी को समर्पित है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मां महागौरी शांति, पवित्रता, करुणा और सौम्यता की प्रतीक हैं। उनकी आराधना से भक्तों को सुख-समृद्धि और मंगल की प्राप्ति होती है। इसी आस्था और श्रद्धा के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर परिसर स्थित श्री दुर्गा मंदिर में मां महागौरी का पूजन-अर्चन किया।
पूजा के दौरान मुख्यमंत्री ने मां भगवती के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट करते हुए सभी के कल्याण की प्रार्थना की। उनकी कामना रही कि मां दुर्गा की कृपा से समाज में सुख, शांति और सद्भाव बना रहे। हर परिवार के जीवन में खुशहाली आए और सभी लोग स्वस्थ एवं समृद्ध रहें। नवरात्र का पर्व शक्ति की उपासना के साथ-साथ आत्मशुद्धि, संयम, सेवा और सकारात्मक संकल्प का भी संदेश देता है। मां महागौरी की आराधना इसी आध्यात्मिक परंपरा को आगे बढ़ाती है।
गोरखनाथ मंदिर परिसर स्थित श्री दुर्गा मंदिर में नवरात्र के अवसर पर मां दुर्गा की आराधना का विशेष महत्व है। इस पावन पर्व पर श्रद्धालु मां के विभिन्न स्वरूपों की पूजा कर परिवार और समाज की सुख-शांति तथा मंगलमय जीवन की कामना करते हैं। अष्टमी के दिन मां महागौरी की उपासना के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी जनकल्याण को अपनी प्रार्थना का केंद्र बनाया।
मुख्यमंत्री ने मां भगवती से प्रार्थना की कि उनकी करुणा और आशीर्वाद सभी पर बना रहे। प्रत्येक घर में सुख-समृद्धि का वास हो, परिवार निरोग रहें और सभी के जीवन में शांति एवं खुशहाली बनी रहे। नवरात्र की अष्टमी पर मां महागौरी के चरणों में की गई यह प्रार्थना लोकमंगल और जनकल्याण की भावना को अभिव्यक्त करती है।
हिन्दुस्थान समाचार / प्रिंस पाण्डेय