राम मंदिर: आठ लाख श्रद्धालुओं से पटी नजर आई अयोध्या
-अयोध्या में साल के पहले दिन रामलला दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब
- हनुमानगढ़ी में भी दर्शन को बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालु
-जिला प्रशासन ने कर रखी थी महाकुंभ सरीखी व्यवस्थाएं
अयोध्या, 01 जनवरी (हि.स.)। नए साल 2026 की शुरुआत में रामनगरी अयोध्या भक्ति और श्रद्धा के रंग में रंगी नजर आई। साल के पहले दिन सुबह से ही रामलला के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भक्तों ने भीषण ठंड को दरकिनार कर राम मंदिर में हाजिरी लगाई और नए साल की शुरुआत प्रभु श्रीराम के चरणों में माथा टेककर की। इस दौरान सूर्य देव ने भी श्रद्धालुओं का दिन भर साथ दिया। एक अनुमान के अनुसार पूरे दिन में आठ लाख से अधिक श्रद्धालु अयोध्या पहुंचे, जिसमें रामलला के दर्शन के लिए लगभग चार लाख राम भक्त शामिल थे। यह संख्या पिछले वर्षों की तुलना में रिकॉर्ड स्तर पर रही, जो अयोध्या की बढ़ती लोकप्रियता और आस्था के वैश्विक केंद्र बनने का प्रमाण है।
सुबह की पहली किरण के साथ ही राम जन्मभूमि मंदिर परिसर में जय श्री राम के उद्घोष गूंजने लगे। श्रद्धालुओं ने रामलला के दिव्य दर्शन कर सुख-समृद्धि, शांति और सकारात्मकता की कामना की। कई भक्तों ने बताया कि नए साल की शुरुआत भगवान राम के दर्शन से करना उनके लिए सबसे शुभ और यादगार पल है। एक श्रद्धालु ने कहा क्लब या पार्टी की बजाय रामलला के दरबार में आना ही असली उत्सव है। यहां की शांति और ऊर्जा जीवन भर साथ रहती है। जिलाधिकारी निखिल टीकाराम ने बताया कि नए वर्ष पर श्रद्धालुओं की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए इंतजाम किया गया है। सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षा के मानकों के आधार पर दर्शन कराया गया। पार्क व अयोध्या के ऐतिहासिक स्थलों पर भी बड़ी संख्या में लोग जुटे थे। हर जगह सुरक्षा के व्यापक इंतजाम रहे।
शाम तक उमड़ता रहा भक्तों का सैलाब
हनुमानगढ़ी मंदिर पर भी दर्शनार्थियों की लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। सुबह से शाम तक भक्तों का सैलाब उमड़ता रहा। कनक भवन, नागेश्वरनाथ मंदिर और दशरथ महल में भी पूजन-अर्चना का सिलसिला जारी रहा। इसके अलावा, राम की पैड़ी, गुप्तार घाट, गुप्त हरि गार्डन और सूर्यकुण्ड जैसे स्थानों पर बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। सरयू नदी के तट पर स्नान कर भक्तों ने आस्था की डुबकी लगाई।
अयोध्या की छवि देख हो उठे भाव विभोर
योगी सरकार द्वारा निखारी गई अयोध्या की छवि को देखकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे। शहर में चौड़ी सड़कें, आधुनिक सुविधाएं, स्वच्छता और बेहतरीन प्रकाश व्यवस्था ने सभी को प्रभावित किया। जिला प्रशासन ने इस भारी भीड़ को देखते हुए महाकुंभ की तर्ज पर व्यापक व्यवस्थाएं की थीं। बैरिकेडिंग, अतिरिक्त पुलिस बल, सीसीटीवी निगरानी, स्वयंसेवकों की तैनाती और पार्किंग की विशेष व्यवस्था से दर्शन सुगम रहे। वीआईपी दर्शन पर पहले से रोक लगाई गई थी, जिससे आम श्रद्धालुओं को प्राथमिकता मिली।
अयोध्या पहुंचने वालों में युवा सर्वाधिक
अयोध्या अब सिर्फ धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि आध्यात्मिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र बन चुका है। राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा की दूसरी वर्षगांठ के साथ ही नए साल का उत्सव इसकी भव्यता को और बढ़ा रहा है। युवाओं की बड़ी संख्या में उपस्थिति खास देखने लायक रही, जो सोशल मीडिया पर अपनी आस्था को गर्व से प्रदर्शित कर रहे हैं। यह नया साल अयोध्या के लिए ऐतिहासिक रहा, जहां आस्था ने ठंड को भी हरा दिया। रामलला के आशीर्वाद से सभी भक्तों को खुशहाली और सफलता मिले, यही कामना है।
दर्शन के बाद सारे दुख दर्द दूर
वाराणसी से आई राधा देवी ने बताया कि पूरे साल की शुरुआत रामलला के चरणों में हो गई, इससे बड़ा शुभ और क्या हो सकता है? ठंडी हवा और लंबी कतार में भी दिल को सुकून मिला। दर्शन के बाद लगा जैसे सारे दुख-दर्द धुल गए। इस साल परिवार में खुशहाली और सबके लिए अच्छा स्वास्थ्य मांगा है। जय श्री राम! ये नया साल सच में नया लग रहा है।
रामलला का मुस्कुराता चेहरा देख थकान गायब
नई दिल्ली से आए अजय सिंह ने बताया कि पहली बार नए साल पर अयोध्या आया हूं। रात भर ट्रेन में जागकर यहां पहुंचा, लेकिन रामलला का मुस्कुराता चेहरा देखते ही सारी थकान गायब। इतनी भव्य व्यवस्था, इतनी शांति... लगता है भगवान सच में घर लौट आए हैं। इस साल करियर में तरक्की और मन की शांति के लिए प्रार्थना की। राम आए हैं तो सब ठीक हो जाएगा। वाकई योगी सरकार ने अयोध्या को निखार दिया है।
हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय