साधु-संतों के वेश में प्रदर्शन पर भाजपा नेता ने भेजा विधिक नोटिस, माफी न मांगने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी

 


अयोध्या, 01 अगस्त (हि.स.)। संसद भवन के बाहर राम मंदिर के चढ़ावे की कथित चोरी के मुद्दे पर साधु-संतों का वेश धारण कर किए गए प्रदर्शन को लेकर भाजपा नेता डॉ. रजनीश सिंह ने लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, सांसद पप्पू यादव तथा सांसद अवधेश प्रसाद को विधिक नोटिस एवं सार्वजनिक आपत्ति-पत्र भेजा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस कृत्य से सनातन धर्म, साधु-संत परंपरा और करोड़ों रामभक्तों की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं।

विधिक नोटिस में कहा गया है कि साधु-संतों का स्वरूप भारतीय संस्कृति में तप, त्याग, सेवा और आध्यात्मिक चेतना का प्रतीक है। ऐसे पवित्र स्वरूप का राजनीतिक प्रदर्शन या आरोप-प्रत्यारोप के लिए उपयोग धार्मिक आस्था के साथ खिलवाड़ है और लोकतांत्रिक मर्यादाओं के भी प्रतिकूल है। नोटिस के माध्यम से संबंधित नेताओं से बिना शर्त सार्वजनिक माफी, अपने कृत्य पर खेद व्यक्त करने तथा भविष्य में धार्मिक वेशभूषा और संत परंपरा का राजनीतिक उपयोग न करने का लिखित आश्वासन देने की मांग की गई है। डॉ. रजनीश सिंह ने कहा कि अयोध्या प्रभु श्रीराम की पावन नगरी है और इसकी मर्यादा पर आघात करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था पर चोट के समान है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद लोकतंत्र का हिस्सा हैं, लेकिन धर्म और संत परंपरा को राजनीतिक हथियार बनाना उचित नहीं है।

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर संतोषजनक उत्तर नहीं मिला, तो संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध सक्षम न्यायालय में मानहानि, क्षतिपूर्ति तथा अन्य उपलब्ध कानूनी कार्यवाही शुरू की जाएगी।

हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय