अकादमिक उत्कृष्टता को करियर से जोड़ेगा विश्वविद्यालय कैंपस : कुलपति
अयोध्या, 03 जुलाई (हि.स.)। डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के युवाओं के करियर को नई उड़ान देने के लिए एक ऐतिहासिक पहल की गई है। विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार काे एक उच्च स्तरीय बैठक आहूत की गई, जिसमें परिसर में नि:शुल्क प्रतियोगी परीक्षा कोचिंग सेल' की स्थापना का निर्णय लिया गया। इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य उद्देश्य आर्थिक और सामाजिक रूप से पिछड़े मेधावी छात्रों को देश की प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए एक सुलभ और उच्च स्तरीय मंच प्रदान करना है।
कुलपति डॉ बिजेंद्र सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय के संसाधन और विशेषज्ञता अब केवल पारंपरिक पाठ्यक्रमों तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि युवाओं के सपनों को गति देने का माध्यम बनेंगे। इस निःशुल्क प्रतियोगी परीक्षा सेल के जरिए हमारा उद्देश्य अकादमिक उत्कृष्टता को सीधे करियर के अवसरों से जोड़ना है। यह मंच परिसर के साथ-साथ बाहरी क्षेत्रों के ग्रामीण व शहरी छात्रों के लिए भी समान रूप से खुला रहेगा। नेट और एसएससी से शुरू होकर हमारा अगला पड़ाव देश की सबसे प्रतिष्ठित यूपीएससी परीक्षा की भी तैयारी कराना है। विश्वविद्यालय प्रशासन हर छात्र के स्वर्णिम भविष्य के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
कुलसचिव विनय कुमार सिंह ने कहा विद्यार्थियों के करियर को संवारना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। परिसर में प्रतियोगी परीक्षा सेल का गठन इसी दिशा में एक बड़ा कदम है। ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि से आने वाले मेधावी छात्रों को अक्सर संसाधनों के अभाव में बेहतर मार्गदर्शन नहीं मिल पाता।
डॉ. विनोद कुमार चौधरी के संयोजन में यह सेल श्रेष्ठ विशेषज्ञों के माध्यम से छात्रों को तराशने का काम करेगा। डॉ. चौधरी ने बताया कि परिसर के साथ-साथ बाहरी छात्रों को भी समान अवसर दिया जाएगा। कोचिंग के लिए नियमित कक्षाओं के बाद सायं 5 से 7 बजे का समय निर्धारित किया गया है जिससे छात्रों के पाठयक्रम की पढ़ाई प्रभावित न हो। गुणवत्ता पर जोर के लिए विषय विशेषज्ञों की टीम द्वारा स्तरीय और निशुल्क मार्गदर्शन भी किया जाएगा। विश्वविद्यालय के इस कदम का शिक्षकों ने स्वागत किया है।
हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय