अयोध्या में विकास को नई रफ्तार, एयरपोर्ट तक बनेगा फोर लेन मार्ग

 


-54.13 करोड़ की लागत से महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट को प्रयागराज मार्ग से जोड़ेगी नई सड़क

-मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व में अयोध्या को मिल रही बुनियादी ढांचे की बड़ी सौगात

-1.6 किमी लम्बा चार लेन मार्ग बनेगा एयरपोर्ट यात्रियों और राम भक्तों के लिए राहत

-मेडिकल कॉलेज और एयरपोर्ट को सीधे जोड़ने से आवागमन होगा सुगम

-मार्च 2026 तक पूरा होगा स्मार्ट रोड प्रोजेक्ट, 60 प्रतिशत से अधिक कार्य पूर्ण

अयोध्या, 12 जनवरी (हि.स.)। योगी सरकार में आधुनिक बुनियादी ढांचे से लैस होकर अयोध्या विकास के नए प्रतिमान गढ़ रही है। इसी कड़ी में अयोध्या–प्रयागराज मार्ग से महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे तक एक नया फोर लेन मार्ग निर्माणाधीन है। यह परियोजना लगभग 54.13 करोड़ रुपये की लागत से पूरी की जा रही है, जिससे क्षेत्र की कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव आएगा। यह सड़क 1.6 किलोमीटर लम्बी होगी।

यह चार लेन सड़क प्रयागराज राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) के चांदपुर–हरवंश गांव क्षेत्र से शुरू होकर राजर्षि दशरथ स्वशासी मेडिकल कॉलेज के बगल से गुजरते हुए एयरपोर्ट के टर्मिनल-2 तक पहुंचेगी। वर्तमान सड़क के दाहिने हिस्से से निकलकर बन रही यह आधुनिक सड़क मेडिकल कॉलेज और एयरपोर्ट को सीधे जोड़ेगी। लोक निर्माण विभाग द्वारा संचालित इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य एयरपोर्ट आने-जाने वाले यात्रियों, स्थानीय निवासियों और तीर्थयात्रियों को तेज, सुरक्षित और जाम-मुक्त यात्रा सुविधा प्रदान करना है। यह सड़क निर्माण अयोध्या के समग्र विकास का अहम हिस्सा है। राम मंदिर के साथ-साथ रिंग रोड, परिक्रमा मार्गों का विस्तार, अन्य हाईवे कनेक्टिविटी और एयरपोर्ट विस्तार जैसी परियोजनाएं अयोध्या को आध्यात्मिक राजधानी के साथ-साथ आधुनिक शहर बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं।

--यात्रियों की बढ़ती संख्या के बीच जरूरी था मार्ग निर्माण

अयोध्या में महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का संचालन दिसम्बर 2023 से शुरू हो चुका है। इस एयरपोर्ट ने राम मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा से पहले ही अयोध्या को वैश्विक मानचित्र पर स्थापित कर दिया है। एयरपोर्ट की क्षमता सालाना 10 लाख यात्रियों की है और यह राम भक्तों के लिए सीधी उड़ान सुविधा उपलब्ध करा रहा है। लेकिन यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए कनेक्टिविटी को मजबूत करना आवश्यक था। इसी आवश्यकता को पूरा करने के लिए यह चार लेन मार्ग बनाया जा रहा है।

--मेडिकल स्टाफ को भी मिलेगी सहूलियत

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या के विकास को प्राथमिकता देते हुए कई सड़क परियोजनाओं को मंजूरी दी है। यह परियोजना भी उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसके पूरा होने से एयरपोर्ट टर्मिनल-2 से प्रयागराज मार्ग तक की दूरी कम समय में तय की जा सकेगी, यातायात व्यवस्था सुदृढ़ होगी और दुर्घटनाओं की आशंका भी कम होगी। मेडिकल कॉलेज के छात्रों, मरीजों और स्टाफ को भी बेहतर आवागमन सुविधा मिलेगी।

--समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा कार्य

लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता सत्य प्रकाश भारती के अनुसार सड़क निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है और इसे समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा। सड़क के दोनों किनारों पर लाइटिंग की व्यवस्था की जा रही है। लगभग 60 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा हो चुका है। उम्मीद है कि मार्च 2026 तक इस परियोजना को पूर्ण कर लिया जाएगा। इस सड़क को स्मार्ट रोड के रूप में विकसित किया जा रहा है। यह परियोजना न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देगी, बल्कि पर्यटन को भी बढ़ावा देगी। लाखों राम भक्तों के लिए एयरपोर्ट से राम मंदिर तक पहुंच और अधिक आसान होगी।अयोध्या अब विकास की नई ऊंचाइयों को छू रही है, जहां आस्था और आधुनिकता का सुंदर संगम स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है।

हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय